
St Bethel Church
नवी मुंबई के सीवुड स्थित सेंट बेथल चर्च को आखिरकार नवी मुंबई नगर निगम ने गिरा दिया। शुक्रवार की सुबह इस चर्च को जेसीबी के माध्यम से धवस्त कर दिया गया। चर्च गिराने से पहले चर्च के भीतर रखे सामनों को बाहर निकाल कर रख दिया गया। इस चर्च के पादरी पर 4 लड़कियों पर यौन शोषण करने का आरोप लगाए गए थे। बीजेपी की महिला विंग ने भी इस चर्च को धवस्त करने की मांग की थी। इस साल अगस्त महीने में ठाणे जिला बाल संरक्षण इकाई ने एक गैर सरकारी संगठन के साथ इस चर्च पर छापा मारा था। चर्च परिसर में 45 नाबालिग बच्चे और बच्चियां मिली थी।
सभी नाबालिगों को छोटे कमरों और अंधेरे में बिना वेंटिलेशन के रखा गया था। इसके साथ ही उन्हें बासी खाना भी परोसा जाता था। छापेमारी के बाद नाबालिगों को ठाणे जिले के अलग-अलग बाल गृहों में भेज दिया गया। छापेमारी के एक हफ्ते बाद चर्च के 55 साल के पादरी को एनआरआई कोस्टल पुलिस ने नाबालिग लड़कियों का यौन उत्पीड़न करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया था। यह भी पढ़े: महाराष्ट्र के दो मंत्री करेंगे कर्नाटक दौरा, सीमा विवाद को खत्म करने पर होगी बात
बता दें कि पादरी की गिरफ्तारी के बाद इस चर्च की वैधता पर सवाल खड़े होने लगे थे। नवी मुंबई पुलिस ने नवी मुंबई नगर निगम को चर्च के अवैध पाए जाने पर कार्रवाई करने की सूचना दी थी। एनएमएमसी के अतिक्रमण डिपार्टमेंट ने चर्च के अधिकारियों को नोटिस भी भेजा था, लेकिन नोटिस मिलने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद नवी मुंबई की बीजेपी की महिला विंग ने इस मुद्दे को उठाया और जानकारी मिली कि चर्च अवैध रूप से तैयार किया गया है।
कुछ दिन पहले बीजेपी महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष चित्रा वाघ ने घटनास्थल का दौरा किया और नवी मुंबई पुलिस के साथ-साथ एनएमएमसी आयुक्त से मुलाकात करते हुए चर्च पर शीघ्र कार्रवाई करने की मांग की थी। आज सुबह एनएमएमसी ने ध्वस्त करना शुरू किया और दोपहर तक पूरे ढांचे को ढहा दिया। कार्रवाई पर प्रतिक्रिया के लिए मीडिया ने एनएमएमसी प्रमुख राजेश नार्वेकर से संपर्क किया लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।
Updated on:
02 Dec 2022 10:01 pm
Published on:
02 Dec 2022 10:01 pm
