23 अक्टूबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Iran-Israel War: रोजी-रोटी के लिए सात समंदर पार गया था राजस्थान का लाल, मौत की खबर आते ही मां बेसुध, परिवार में मचा कोहराम

Iran-Israel War: अमरीका-इजरायल और ईरान के बीच जारी जंग अब भारतीयों को दुख भरे समाचार देने लगा है। ईरानी हमले में बेटे की मौत की खबर आने के बाद दलीप की मां बेसुध हो गई हैं। पूरे परिवार में कोहराम मच गया है।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

नागौर

•

image

Kamal Mishra

•

Updated: 4 Mar 2026, 6:47 PM IST

Nagaur dalip singh death

मौत की खबर सुनने के बाद बेहोश पड़ी उनकी मां और अन्य (फोटो-पत्रिका)

नागौर। रोजी-रोटी की तलाश में सात समंदर पार गया नागौर का दलीप अब कभी घर नहीं लौटेगा। यह खबर जैसे ही मेड़ता सिटी क्षेत्र के खींवताना गांव पहुंची, पूरे गांव में सन्नाटा छा गया। मां प्रेम कंवर रो-रोकर बेसुध हैं, पिता कानसिंह बार-बार दरवाजे की ओर देखते हैं मानो बेटा अभी लौट आएगा। घर में इलाके के लोग पहुंचकर सांत्वना दे रहे हैं।

मृतक के छोटे भाई देवेंद्र सिंह ने बताया कि दलीप सिंह ने करीब एक वर्ष पहले मर्चेन्ट नेवी ज्वॉइन की थी। उसे मुंबई की निजी कंपनी एसकेएस कृषि मरीन सर्विसेज (ओपीसी) प्राइवेट लिमिटेड में नौकरी मिली थी। एक साल ड्यूटी करने के बाद वह घर आया था और करीब छह महीने गांव में रहने के बाद गत 22 जनवरी को मुंबई लौटा था। इसके बाद 23 जनवरी को स्काइलाइट क्रूड ऑयल जहाज मुंबई से ओमान के लिए रवाना हुआ था।

मेंटिनेंस के लिए पोर्ट पर खड़ा था जहाज

बताया जा रहा है कि जहाज ओमान के कसाब पोर्ट पर सर्विस के लिए खड़ा था। इस दौरान 1 फरवरी को सुबह करीब सात बजे जहाज पर मिसाइल हमला हुआ। हमले के समय दलीप सिंह जहाज के पायलट केबिन में ड्यूटी पर था। जहाज के पायलट आशीष कुमार (बिहार राज्य के निवासी) का शव मिल गया है, लेकिन दलीप का फिलहाल कुछ पता नहीं चल पाया है।

बामना का सुनील भी उसी जहाज में था

पारिवारिक सदस्य दयालराम ने बताया कि पड़ोसी गांव का सुनील कुमार पूनिया भी उसी जहाज पर ड्यूटी कर रहा था। उसकी ड्यूटी सुबह 4 बजे समाप्त हुई थी और उसकी जगह दलीप ने काम संभाला था। इसके बाद मिसाइल हमले में दलीप की मौत हो गई। सुनील ने ही उसकी मौत की सूचना परिवार वालों को दी।

सुबह 7.05 पर पहला हमला

जानकारी अनुसार क्रूड ऑयल के जहाज पर सुबह 7:05 बजे पहला मिसाइल हमला हुआ और इसके करीब 10-15 मिनट बाद दूसरा हमला हुआ। इससे जहाज को भारी नुकसान हुआ और उसमें आग लग गई।

हमले से एक दिन पहले हुई थी बात

परिजनों के अनुसार दलीप से अंतिम बार 28 फरवरी को बात हुई थी, तब उसने कहा था सब कुछ ठीक है। परिवार ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों से आग्रह किया है कि भारत सरकार और ओमान स्थित भारतीय दूतावास से संपर्क कर दलीप सिंह का शव भारत लाया जाए, ताकि अंतिम संस्कार किया जा सके।

पिता हार्ट पेशेंट, मां रो-रो कर बेसुध

देवेंद्र ने बताया कि दलीप घर का एकमात्र कमाने वाला था। पिता कानसिंह हृदय रोगी हैं और आंखों से भी कम दिखाई देता है। छोटा भाई अभी पढ़ाई कर रहा है। सूचना मिलने के बाद से माता प्रेम कंवर बेसुध हैं।

5 बार आर्मी की दौड़ पास की

मर्चेन्ट नेवी ज्वॉइन करने से पहले दलीप सिंह ने 5 बार आर्मी की दौड़ पास की थी। इसमें दो बार उसे एक्सीलेंट कैटगिरी भी मिली और एक बार में वह पेपर क्लियर करने से रह गया। उसके बाद उसने मर्चेन्ट नेवी ज्वॉइन करने का सोचा और तैयारी कर मुंबई की एक कंपनी में नौकरी हासिल की।