7 फ़रवरी 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

चीनी सेना ने अरुणाचल प्रदेश से एक नाबालिग लड़के को किया अगवा, सांसद ने ट्विटर पर लगाई मदद की गुहार!

अरुणाचल प्रदेश में चीनी सेना पीएलए ने 17 साल के युवक को बंदी बना लिया है। अरुणाचल प्रदेश के लोकसभा सांसद तपीर गाओ ने इस घटना की जानकारी दी है। इसके बाद भारतीय सेना ने चीनी सेना PLA को स्थापित प्रोटोकॉल के तहत अगवा किए गए युवक को वापस लौटाने को कहा है।

2 min read
Google source verification

image

Mahima Pandey

Jan 20, 2022

Arunachal Pradesh Chinese Army MP Tapir Gao

Chinese Army Kidnaps Teen From Arunachal Pradesh: MP Tapir Gao

चीनी सेना को भारतीय सेना ने कई बार जमकर धोया है और चीन शर्म के मारे मुंह छुपाता फिरता है। भारतीय सेना के समक्ष पानी भरने वाली चीनी सेना ने एक बहुत ही शर्मनाक हरकत की है। चीनी सेना ने PLA ने एक 17 साल के नाबालिग को अगवा कर बंदी बना लिया है। इसकी जानकारी अरुणाचल प्रदेश के लोकसभा सांसद तापीर गाओ ने दी है। उन्होंने अपने ट्विटर अकाउंट पर इसकी जानकारी भी दी है कि मिराम का अपहरण 18 जनवरी 2022 को किया गया है। तापीर गाओ ने इस मामले में केंद्र सरकार से मदद मांगी है। इसके बाद भारतीय सेना ने चीनी सेना PLA को स्थापित प्रोटोकॉल के तहत अगवा किए गए युवक को वापस लौटाने को कहा है।

कब और कैसे किया चीनी सेना ने नाबालिग लड़के को अगवा ?

लोकसभा सांसद तापीर गाओ ने अपने ट्विटर पर ट्वीट कर लिखा, 'चीनी PLA ने जिदो गांव के 17 साल के मिराम टैरोन का अपहरण कर लिया है। कल 18 जनवरी 2022 को भारतीय क्षेत्र के अंदर से, लुंगटा जोर क्षेत्र (चीन ने 2018 में भारत के अंदर 3-4 किलोमीटर सड़क बनाई थी) सियुंगला क्षेत्र के तहत ( ऊपरी सियांग जिला, अरुणाचल प्रदेश का बिशिंग गांव) से अगवा किया था।'

यह भी पढ़े - नेपाल ने चीन को किया शर्मिंदा, 'मेड इन चाइना' के 6 जहाजों को कहा 'कबाड़'


सांसद तापीर गाओ ने अपने अगले ट्वीट में लिखा, "भारत सरकार की सभी एजेंसियों से अनुरोध है कि उनकी जल्द रिहाई के लिए कदम बढ़ाएं।" अपने ट्वीट में गाओ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और भारतीय सेना को टैग भी किया है।

इसके साथ ही गाओ ने इस मामले की पूरी जानकारी केन्द्रीय गृह राज्य मंत्री निसिथ प्रामाणिक को भी दे दी है और एक्शन लेने की बात कही है।

पहले भी कर चुकी है चीनी सेना ऐसी ओछी हरकत

बता दें कि सितंबर 2020 में भी चीनी सेना ने ऐसी हरकत की थी। चीनी सेना ने तब अरुणाचल प्रदेश के ऊपरी सुबनसिरी जिले से पांच युवकों का अपहरण कर लिया था। इसके बाद भारतीय सरकार ने मामले में हस्तक्षेप किया और लगभग एक सप्ताह के बाद पांचों को चीनी सेना PLA ने रिहा किया था।

यह भी पढ़े - चीन ने नहीं, भारत ने लहराया गलवान घाटी में तिरंगा, देखें तस्वीरें