
CJP प्रमुख अभिजीत दीपके। फोटो सोर्स- IANS
दिल्ली में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों से मोदी सरकार बातचीत को तैयार हो गई है। केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह और जेपी नड्डा ने कहा कि छात्र उनसे किसी भी मुद्दे पर चर्चा कर सकते हैं। दोनों ने साफ कहा है कि छात्र नड्डा के आवास या कार्यालय या अपनी पसंद के किसी भी जगह पर उनसे बातचीत कर सकते हैं।
इस ऑफर के बाद कॉकरोच जनता पार्टी का बयान सामने आया है। सीजेपी प्रवक्ता आशुतोष रंका ने साफ कहा है कि बातचीत से पहले उनकी दो शर्तें हैं। पहली यह कि बातचीत नड्डा के ऑफिस में नहीं बल्कि जंतर-मंतर या किसी और जगह होगी। दूसरी यह कि सरकार को हवा हवाई बात नहीं करनी है, बातचीत के बाद कोई ठोस कदम उठाना होगा, बेवजह हमारा समय बेकार नहीं करना है।
नीट पेपर लीक मुद्दे को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर विरोध-प्रदर्शन जारी हैं, जिसमें प्रदर्शनकारी परीक्षा में हुई अनियमितताओं को लेकर शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
इस मुद्दे को लेकर विपक्ष भी हमलावर है। इस बीच कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने सीजेपी के विरोध-प्रदर्शन, दिल्ली पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हुई झड़प और नीट पेपर लीक के मुद्दे को लेकर केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर जुबानी हमला किया।
प्रियंका गांधी ने कहा कि आज जो हालात देश में दिखाई दे रहे हैं, उसके लिए सीधे तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जिम्मेदार हैं। उन्होंने सवाल करते हुए कहा कि क्या देश के लोकतांत्रिक इतिहास में कभी ऐसा देखा गया है कि सरकार के अपने सांसद संसद के बाहर प्रदर्शन करने को मजबूर हों?
कई सत्रों से संसद सुचारु रूप से नहीं चल पा रही है और सरकार अपनी जिम्मेदारियों से बच रही है। सरकार को कमजोर और कायर बताते हुए, उन्होंने कहा कि वह लोकतांत्रिक तरीके से विरोध का सामना करने में असफल रही है।
कांग्रेस सांसद ने कहा कि जो युवा सड़कों पर प्रदर्शन कर रहे हैं, वे आतंकवादी नहीं बल्कि देश के भविष्य हैं। प्रदर्शन के दौरान इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गईं, जिससे छात्र अपने परिवारों से संपर्क तक नहीं कर सके।
उन्होंने कहा- छात्रों पर आंसू गैस के गोले छोड़े गए, लाठीचार्ज किया गया और उनके साथ ऐसा व्यवहार किया गया, जो किसी लोकतांत्रिक व्यवस्था में स्वीकार्य नहीं हो सकता।
प्रधानमंत्री मोदी बच्चों की चिंता जताते हुए संदेश देते हैं, लेकिन पिछली रात उन्हीं बच्चों पर आंसू गैस छोड़ी जाती है और उन्हें पीटा जाता है। आखिर इसकी जिम्मेदारी कौन लेगा।
Updated on:
23 Jul 2026 05:07 pm
Published on:
23 Jul 2026 04:49 pm
