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Pachpadra Refinery Project: 1 जुलाई से शुरू होगा पचपदरा रिफाइनरी का व्यावसायिक उत्पादन, अब पेट्रोल उत्पादन की बारी

Pachpadra Refinery Project: राजस्थान की पचपदरा रिफाइनरी में गैस और डीजल के बाद अब पेट्रोल उत्पादन की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। 1 जुलाई से व्यावसायिक उत्पादन शुरू होने का लक्ष्य है। इससे राजस्थान और केंद्र को हर साल 21 हजार करोड़ रुपये राजस्व मिलने तथा करीब 10 हजार स्थायी रोजगार सृजित होने की उम्मीद है।
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जयपुर

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Anurag Animesh

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Updated: 24 Jun 2026, 2:34 AM IST

Pachpadra Refinery Project details

पचपदरा रिफाइनरी परियोजना(फोटो-X/@Amarrrrz)

Pachpadra Refinery: राजस्थान की महत्वाकांक्षी पचपदरा रिफाइनरी अब अपने अगले महत्वपूर्ण चरण में पहुंच गई है। यहां गैस और डीजल उत्पादन शुरू होने के बाद अब पेट्रोल उत्पादन की तैयारियां अंतिम दौर में हैं। एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड (एचआरआरएल) ने 1 जुलाई से व्यावसायिक उत्पादन शुरू करने का लक्ष्य पहले ही तय कर रखा है। पेट्रोल उत्पादन शुरू होते ही अन्य पेट्रो उत्पादों का उत्पादन भी चरणबद्ध तरीके से आरंभ किया जाएगा। इससे रिफाइनरी के पूर्ण संचालन की दिशा में बड़ी प्रगति मानी जा रही है और प्रदेश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में भी यह परियोजना अहम भूमिका निभाएगी।

पीएम मोदी कर सकते हैं लोकार्पण


रिफाइनरी के लोकार्पण को लेकर भी तैयारियां तेज हो गई हैं। सूत्रों के अनुसार पचपदरा रिफाइनरी का लोकार्पण 4 जुलाई को प्रधानमंत्री कर सकते हैं, हालांकि अभी तक कार्यक्रम की आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। इसके बावजूद प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां तेजी से चल रही हैं। रिफाइनरी के उद्घाटन को राजस्थान के औद्योगिक विकास की दिशा में एक बड़े कदम के रूप में देखा जा रहा है। परियोजना के शुरू होने के साथ ही पश्चिमी राजस्थान के आर्थिक परिदृश्य में बड़ा बदलाव आने की उम्मीद है।

जानें डिटेल्स


रिफाइनरी से व्यावसायिक उत्पादन शुरू होने के बाद राजस्थान और केंद्र सरकार को हर साल करीब 21 हजार करोड़ रुपए का राजस्व मिलने का अनुमान है। यह राशि राज्य और केंद्र दोनों के लिए राजस्व का बड़ा सोर्स साबित हो सकती है। पचपदरा रिफाइनरी को पश्चिमी राजस्थान के लिए एक बड़े आर्थिक कॉरिडोर के रूप में देखा जा रहा है, जिससे न केवल बाड़मेर और आसपास के क्षेत्रों बल्कि पूरे प्रदेश को आर्थिक लाभ मिलने की संभावना है। रिफाइनरी के पूर्ण संचालन के बाद लगभग 10 हजार स्थायी प्रत्यक्ष रोजगार सृजित होने का अनुमान है, जिससे स्थानीय युवाओं के लिए बड़े स्तर पर रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे।

क्या है यह परियोजना?


पचपदरा रिफाइनरी राजस्थान की पहली एकीकृत रिफाइनरी एवं पेट्रोकेमिकल परियोजना है। इसके पूरी क्षमता से शुरू होने पर प्रदेश में पेट्रोलियम उत्पादों में आत्मनिर्भरता बढ़ेगी और बाहरी निर्भरता कम होगी। साथ ही पश्चिमी राजस्थान में उद्योग, निवेश और बुनियादी ढांचे के विकास को भी गति मिलेगी। यह परियोजना केवल ऊर्जा क्षेत्र तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि राज्य की अर्थव्यवस्था, निवेश, रोजगार और औद्योगिक विकास के लिए भी मील का पत्थर साबित हो सकती है।