
abhishek manu singhvi
Election Commission: कांग्रेस के एक प्रतिनिधिमंडल ने आज चुनाव आयोग (Election Commission) से मुलाकात की और महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव से पहले मतदाताओं के नाम मनमाने ढंग से हटाने और जोड़ने के कथित मामले पर चिंता जताई। चुनाव आयोग से मिलने के बाद कांग्रेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी (Abhishek Singhvi) ने पत्रकारों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि हमने चुनाव आयोग से बहुत विस्तृत चर्चा की है। काग्रेस नेता ने कहा अगर चुनाव केवल प्लेइंग फील्ड पर न हों तो लोकतंत्र और संविधान के मूल ढांचे पर आद्यात होता है। हमारे जो मुख्य बिंदु थे, ईसी को उसका डाटा जारी करना चाहिए।
कांग्रेस नेता ने कहा कि महाराष्ट्र में बहुत बड़ी मात्रा में मतदाताओं की कमी हुई है। हमें इसके बूथ और निर्वाचन क्षेत्र के आधार पर डाटा चाहिए, जो अभी मौजूद नहीं है। उससे पता चलेगा कि महाराष्ट्र में इतनी बड़ी संख्या में जो वोटर कम हुए है उसका कारण क्या है। उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव और विधानसभा चुनाव के बीच 5 महीने में करीब 47 लाख मतदाताओं को जोड़ा गया। इसका क्या आधार है और हमें इसका डाटा चाहिए।
कांग्रेस नेता ने चुनाव आयोग से ईवीएम पर भी सवाल उठाए है। कांग्रेस नेता ने कहा कि चुनाव आयोग के खुद के दिए गए आंकड़ों के मुताबिक महाराष्ट्र में 5 बजे वोटर टर्न आउट 58.22 प्रतिशत, रात के 11.30 बजे 65.02 प्रतिशत और दो दिन बाद 67 प्रतिशत बताया गया। हमें जवाब मिला कि वोटर टर्नआउट एक अलग प्रक्रिया है और 17सी एक अलग प्रक्रिया है। कांग्रेस नेता सिंघवी ने कहा कि 118 ऐसे निर्वाचन क्षेत्र हैं जहां लोकसभा और विधानसभा के बीच 25 हजार ज्यादा वोटों का अंतर है, जिनमें ज्यादातर जगह सत्तारूढ़ पार्टी की जीत हुई है।
चुनाव आयोग से मिलने के बाद महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले ने कहा कि यह सरकार लोगों के वोट से नहीं आई है। यह दिल्ली में बैठे बीजेपी के लोगों की वजह से बनी है। उन्हें लोगों की परवाह नहीं है, हमने आज चुनाव आयोग से मुलाकात की और देखेंगे कि वे क्या निर्णय लेते हैं।
Updated on:
04 Dec 2024 02:09 pm
Published on:
03 Dec 2024 07:49 pm
बड़ी खबरें
View Allबिहार चुनाव
राष्ट्रीय
ट्रेंडिंग
