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कांग्रेस ने अरबपति गौतम अडानी, मुकेश अंबानी के लिए ‘जानबूझकर’ ONGC खत्म करने का लगाया आरोप

कांग्रेस ने प्रधानमंत्री मोदी पर अरबपति गौतम अडानी और मुकेश अंबानी के लिए 'जानबूझकर' ONGC खत्म करने का आरोप लगाया है। दरअसल 2021 से तेल और प्राकृतिक गैस निगम (ONGC) नियमित अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक के बिना है, जिसको लेकर कांग्रेस ने केंद्र की मोदाी सरकार पर निशाना साधा है।
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नई दिल्ली

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Abhishek Kumar Tripathi

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Updated: 4 Sep 2022, 10:52 AM IST

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congress takes a jibe at pm Modi as ongc remains without a regular chairman since April 2021

सरकार में बुधवार 1 अगस्त को तेल और प्राकृतिक गैस निगम (ONGC) में राजेश कुमार श्रीवास्तव को अंतरिम अध्यक्ष नियुक्त किया है। पिछले एक साल में ONGC में तीसरे "अंतरिम" अध्यक्ष को नियुक्त किया गया है। केंद्र सरकार ने 2021 से ONGC में नियमित रूप से अध्यक्ष नियुक्ति नहीं किए हैं,जिसको लेकर कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। कांग्रेस की ओर से आरोप लगाया गया है कि केंद्र सरकार तेल और प्राकृतिक गैस निगम (ONGC) को खत्म करना चाहती है, जिससे अरबपति गौतम अडानी और मुकेश अंबानी को फायदा हो सके।

इससे पहले तेल मंत्रालय ने आदेश जारी करते हुए कहा है कि 1 सितंबर 2022 से 31 दिसंबर 2022 तक राजेश कुमार श्रीवास्तव को तेल और प्राकृतिक गैस निगम (ONGC) का अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक का अतिरिक्त प्रभार सौंपा जाता है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार राजेश कुमार श्रीवास्तव 31 दिसंबर 2022 को रिटार हो जाएंगे, इसलिए सरकार ने 4 महीने तक के लिए अतिरिक्त प्रभार सौंपा है।


कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद जयराम रमेश ने सरकारी कंपनी ONGC के द्वारा गुजरात राज्य पेट्रोलियम कार्पोरेशन के गैस ब्लॉक में 80% हिस्सेदारी के अधिग्रहण की भी आलोचना की। उन्होंने कहा कि कर्ज में डूबी कंपनी को उबारने के लिए ONGC पर दबाव डाला जा रहा है।


जयराम रमेश ने कहा कि सरकारी क्षेत्र की 10 महारत्न कंपनियों में से एक थी प्राकृतिक गैस निगम (ONGC) कंपनी, लेकिन फिर लेकिन "फिर मिस्टर मोदी आए"। उन्होंने ONGC को कर्ज में फंसी कंपनी को उबारने के लिए मजबूर किया, जो एक घोटाले में फंसी कंपनी है। ONGC अप्रैल 2021 से नियमित अध्यक्ष के बिना है। इसे जानबूझकर नष्ट किया जा रहा है ताकि 'हमारे दो' में से एक इसे अपने कब्जे में ले ले।