
डीपफेक गंदे वीडियो से तलाक के मामले बढ़ रहे हैं। (फोटो: AI Image)
Deepfake Video Impact : देशभर के साइबर क्राइम पोर्टल पर एक दिन में डीपफेक अश्लील वीडियो के 312 नए केस दर्ज हुए, जिससे नवंबर का आंकड़ा 3,127 पहुंच गया है।
Deepfake Video Impact : गृह मंत्रालय के ताजा डेटा के अनुसार 68 फीसदी पीड़िताएं 25-40 साल की शादीशुदा महिलाएं हैं। सबसे ज्यादा मामले मुंबई, दिल्ली, बेंगलुरु और हैदराबाद से आए हैं।
41 फीसदी मामलों में वीडियो पति या ससुराल वालों को भेजे गए। पुलिस का कहना है कि 90 फीसदी डीपफेक सिर्फ 10-15 मिनट में मुफ्त ऑनलाइन टूल से बन रहे हैं।
पिछले 15 दिनों में 18 महिलाओं ने आत्महत्या की कोशिश की। सरकार दिसंबर में डीपफेक पोर्न बनाने-फैलाने पर 7 साल की सजा वाला नया बिल ला रही है। विशेषज्ञ यह चेतावनी दे रहे हैं कि आने वाले 2 साल में हर तीसरा तलाक डीपफेक से जुड़ा हो सकता है।
कुछ दिन पहले मुंबई के अंधेरी निवासी आईटी इंजीनियर रोहन शर्मा को व्हाट्सऐप पर पत्नी प्रिया का 42 सेकंड का अश्लील वीडियो मिला। वीडियो में प्रिया किसी अजनबी के साथ दिख रही थीं। प्रिया ने रोते हुए कहा, "मैंने कभी ऐसा वीडियो नहीं बनाया। फॉरेंसिक रिपोर्ट में पुष्टि हुई कि वीडियो 100 फीसदी डीपफेक है। वीडियो बनाने में इस्तेमाल हुआ चाइनीज ऐप 3 दिन पहले बंद हो चुका है। रोहन ने ससुराल पहुंचकर हंगामा किया, प्रिया को घर से निकाल दिया। यह केस मुंबई के अंधेरी इलाके के साइबर थाने में दर्ज किया गया।
दिल्ली के रोहिणी में एक गृहिणी ने कल फांसी लगा ली। पड़ोसियों ने उसे किसी तरह से मौत के मुंह से बचा पाने में कामयाबी पाई। दरअसल उसका डीपफेक वीडियो कॉलोनी के सैकड़ों व्हाट्सऐप ग्रुप में वायरल हो गया। वीडियो बनाने वाला उसका पूर्व सहकर्मी था, जिसने 2022 की एक सामान्य फोटो से 8 मिनट में वीडियो तैयार किया। महिला के पति ने तलाक के पेपर तैयार कर लिए। पुलिस ने आरोपी को गुरुग्राम से पकड़ा। उसके लैपटॉप से 27 अन्य महिलाओं के डीपफेक वीडियो बरामद हुए। आरोपियों ने सभी को ब्लैकमेल कर 2-5 लाख रुपए तक वसूले।
हैदराबाद साइबर क्राइम पुलिस ने हाल ही में एक गैंग का भंडाफोड़ किया जो डीपफेक अश्लील वीडियो बनाकर पति को बेचता था। गिरोह ने 41 महिलाओं के वीडियो बनाए और हर पति से 3 से 8 लाख रुपये तक वसूले। पैसा न देने पर वीडियो सोशल मीडिया पर डालने की धमकी देते थे। पुलिस ने 6 लोगों को गिरफ्तार किया। उनके पास 200 से ज्यादा तैयार डीपफेक वीडियो मिले। एसपी ने बताया कि 15 दिन में 89 लाख रुपए इस गैंग ने कमाए। ज्यादातर टूल टेलीग्राम चैनल से मुफ्त डाउनलोड किए गए थे।
कानून मंत्री किरेन रिजिजू ने बताया कि डीपफेक पोर्न के खिलाफ नया बिल दिसंबर के पहले हफ्ते में पेश होगा। वीडियो बनाने, स्टोर करने और शेयर करने पर 7 साल तक की सजा और 10 लाख तक जुर्माना प्रस्तावित है। साथ ही सभी सोशल प्लेटफॉर्म को 24 घंटे में डीपफेक कंटेंट हटाने का कानूनी दबाव होगा। अभी तक सिर्फ आईटी एक्ट की धारा 66ई से केस चल रहे थे, जिनमें अधिकतम 3-5 साल की सजा है। विशेषज्ञों का कहना है कि नया कानून आएगा तो भी टूल्स की स्पीड कम नहीं होगी।
Updated on:
25 Nov 2025 11:25 am
Published on:
25 Nov 2025 11:23 am
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