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‘हिजाब बैन’ पर पलटी कर्नाटक की सिद्धारमैया सरकार, चुनाव के पहले किया था ये वादा

Karnataka: मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने मीडिया से बात करते हुए स्पष्ट किया कि कर्नाटक सरकार ने भाजपा सरकार द्वारा राज्य में लगाए गए हिजाब प्रतिबंध को वापस नहीं लिया है।
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नई दिल्ली

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Prashant Tiwari

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Updated: 24 Dec 2023, 10:57 AM IST

  Karnataka Siddaramaiah government reversed on Hijab ban

कर्नाटक में हिजाब पर लगे बैन के को हटाने के फैसले पर कांग्रेस की सिद्धारमैया सरकार एक दिन भी नहीं टिक पाई। शनिवार को राज्य के मुख्यमंत्री एम सिद्धारमैया ने मीडिया से बात करते हुए स्पष्ट किया कि कर्नाटक सरकार ने पिछली भारतीय जनता पार्टी सरकार द्वारा राज्य में लगाए गए हिजाब प्रतिबंध को वापस नहीं लिया है। उन्होंने बताया कि इस मुद्दे पर राज्य भर में सरकारी स्तर पर चर्चा के बाद इस पर फैसला लिया जाएगा। बता दें कि मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने एक सवाल के जवाब में कहा था कि पोशाक और भोजन का चुनाव व्यक्तिगत है। शैक्षणिक संस्थानों में धार्मिक सिर पर स्कार्फ पहनने पर कोई प्रतिबंध नहीं है।

हमने अभी तक हिजाब प्रतिबंध हटाने का फैसला नहीं किया- मुख्यमंत्री

कर्नाटक में शैक्षणिक संस्थानों में हिजाब पर लगे प्रतिबंध हटाने के मुद्दे पर सवालों का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने अभी तक हिजाब प्रतिबंध हटाने का फैसला नहीं किया है। किसी ने मुझसे इस मुद्दे पर सवाल पूछा था। मैंने जवाब दिया था कि कांग्रेस सरकार राज्य के शैक्षणिक संस्थानों में हिजाब पर प्रतिबंध हटाने पर विचार ही कर रही है। उन्होंने यह भी बताया कि सरकारी स्तर पर चर्चा के बाद इस पर फैसला लिया जाएगा।

शुक्रवार को दिया था बयान

बता दें कि मुख्यमंत्री का बयान उस बयान के एक दिन बाद आया है जिसमें उन्होंने कहा था कि हम उस फैसले को वापस लेंगे, अब राज्य में हिजाब पर कोई प्रतिबंध नहीं है महिलाएं हिजाब पहनकर बाहर निकल सकती हैं। मैंने अधिकारियों से पिछली सरकार के आदेश वापस लेने को कहा है। कपड़े पहनना और खाना व्यक्तिगत पसंद है, मुझे क्यों आपत्ति होनी चाहिए? जो चाहो पहनो, जो चाहो खाओ, मुझे क्यों परवाह? हमें वोट पाने के लिए राजनीति नहीं करनी चाहिए। हम ऐसा नहीं करते हैं। बता दें कि मई में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस पार्टी ने वादा किया था कि अगर कांग्रेस सत्ता में आती है तो राज्य में हिजाब पर लगे बैन को हटा लिया जाएगा।

हिजाब हटाने के मुद्दे पर भाजपा ने की थी तीखी आलोचना

कांग्रेस सरकार के द्वारा राज्य के शैक्षणिक संस्थानों से हिजाब पर लगे बैन के फैसले को वापस लेने की घोषणा पर भाजपा ने कांग्रेस सरकार की जमकर आलोचना की थी। भाजपा नेताओं ने आलोचना करते हुए कहा कि सरकार के इस कदम से शैक्षिक स्थानों की धर्मनिरपेक्ष प्रकृति के बारे में चिंताएं बढ़ गई हैं। बता दें कि 2022 में तत्कालीन मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार ने कर्नाटक में शैक्षणिक संस्थानों में हिजाब पहनने पर प्रतिबंध लगा दिया था।

फूट डालो और राज करो की नीति में विश्वास करती है कांग्रेस- भाजपा

वहीं, इस मुद्दे पर कर्नाटक बीजेपी के प्रमुख बीवाई विजयेंद्र ने सिद्धारमैया पर शैक्षणिक माहौल को खराब करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव से पहले कांग्रेस तुष्टिकरण की राजनीति कर रही है। विजयेंद्र ने दावा किया कि आजादी के इतने वर्षों के बाद भी अल्पसंख्यकों के बीच साक्षरता और रोजगार दर अभी भी 50 प्रतिशत है। कांग्रेस ने कभी भी अल्पसंख्यकों की स्थिति को ऊपर उठाने की कोशिश नहीं की। कांग्रेस फूट डालो और राज करो की नीति में विश्वास करती है जिसे ब्रिटिश शासकों ने अपनाया था। यह ब्रिटिश विरासत को आगे बढ़ाने के समान है।

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