
Oxygen Plant in Corona: कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन ने पूरे देश में चिंता बढ़ा दी है. जब से इस वैरिएंट का पता चला है तब से कोरोना के मामलों में भी उछाल देखा जा रहा है. देश की राजधानी दिल्ली में तो कोरोना ने दहशत फैला रखी है. कोरोना के दूसरी लहर के दौरान देश में ऑक्सीजन की भारी किल्लत हुई थी. ऑक्सीजन के कमी के कारण कई कई लोगों की जान भी चली गई थी. अब कोरोना के तीसरे लहर भी भारत के दरवाजे पर अपनी आहट दे रही है. अब कोरोना के तीसरी लहर के आहट के बीच दिल्ली, यूपी, बिहार के अस्पतालों में ऑक्सीजन की स्थिति क्या है आइए इस पर एक नजर डालते हैं.
दिल्ली में ऑक्सीजन प्लांट की स्थिति
दिल्ली के सबसे बड़े अस्पताल लोक नायक जय प्रकाश नारायण अस्पताल में कोरोना के दूसरी लहर के दौरान ऑक्सीजन की भारी कमी हो गई थी. अब तीसरी लहर के आहट से पहले यहां ऑक्सीजन की क्षमता 10 गुना बढ़ गई है. दूसरी लहर के दौरान यहां ऑक्सीजन की क्षमता करीब 5 टन की थी जिसे अब बढ़ाकर 55 टन कर दिया गया है. यहां 2000 नॉर्मल बेड और 950 आईसीयू बेड हैं सभी बेड पर ऑक्सीजन की सप्लाई दी गई है.
यूपी में ऑक्सीजन प्लांट की स्थिति
यूपी के नोएडा में इस वक्त 17 ऑक्सीजन प्लांट हैं. इनमें से 11 सरकारी है जबकि बाकि छह प्राइवेट अस्पतालों में है. दूसरी लहर के दौरान नोएडा में एक भी ऑक्सीजन प्लांट नहीं था. पर दूसरी लहर से सबक लेकर यहां 17 ऑक्सीजन प्लांट लगाए गए. वहीं इटावा में भी 9 ऑक्सीजन प्लांट सक्रिय हैं. इनमें से 3 प्लांट सैफई मेडिकल यूनिवर्सिटी में और 6 सीएचसी और जिला अस्पतालों में लगा हुआ है.
बिहार में ऑक्सीजन की स्थिति
बिहार में भी कोरोना के दूसरी लहर के दौरान ऑक्सीजन की कमी के कारण कई लोगों की जान चली गई थी. अब कोरोना के दूसरी लहर से सबक लेकर बिहार के अस्पतालों में भी ऑक्सीजन प्लांट की स्थापना की गई है. बिहार के नालंदा के सदर अस्पताल बिहारशरीफ में पीएम केयर्स फंड से ऑक्सीजन प्लांट लगाया गया है. नवजात बच्चों के लिए बनी एसएनसी यूनिट को भी इसी प्लांट से ऑक्सीजन सप्लाई हो रही है. अस्पताल के डॉ. अश्वनी कुमार ने बताया कि पहले यहां काफी परेशानी हुआ करती थी लेकिन प्लांट लगने से ऑक्सीजन की किल्लत नहीं होती.
Published on:
30 Dec 2021 06:11 pm
बड़ी खबरें
View Allबिहार चुनाव
राष्ट्रीय
ट्रेंडिंग
