script सिलक्यारा सुरंग हादसा: सेना को ​बड़ी कामयाबी, ऑगर मशीन के टुकड़े निकाले बाहर, 30 मीटर तक पूरी हुई वर्टिकल ड्रिलिंग | Uttarkashi Tunnel Rescue: Vertical drilling completed up to 30 meters, success achieved in taking out pieces of auger machine | Patrika News

सिलक्यारा सुरंग हादसा: सेना को ​बड़ी कामयाबी, ऑगर मशीन के टुकड़े निकाले बाहर, 30 मीटर तक पूरी हुई वर्टिकल ड्रिलिंग

locationनई दिल्लीPublished: Nov 27, 2023 02:10:11 pm

Submitted by:

Shaitan Prajapat

उत्तराखंड के सिलक्यारा टनल हादसे के बाद 41 मजदूरों को बचाने के लिए 200 कर्मचारियों के साथ कई एजेंसियां दिन और रात रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटी हुई है। ऑगर मशीन के टूटे हिस्से को बाहर निकाल लिया गया है।

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उत्तराखंड के सिलक्यारा टनल हादसे में फंसे मजदूरों को 16 दिन का समय हो गया है। सुरंग में फंसी 41 जिंदगियों को अभी तक बाहर नहीं निकाला जा सका। बचाव अभियान में 200 कर्मचारियों के साथ कई एजेंसियां दिन और रात रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटी हुई है। सेना ने मोर्चा संभालने के बाद उनको बड़ी सफलता मिली है। ऑगर मशीन में बार-बार आ रही बाधाओं के बाद रविवार से पहाड़ी के ऊपर से वर्टिकल ड्रीलिंग का काम भी शुरू हो गया है। अभी तक 30 मीटर तक की ड्रिलिंग हो गई है।


ऑगर मशीन के टुकड़े निकाले बाहर निकालने में भी मिली सफलता

सोमवार को एक अच्छी खबर आई है कि ऑगर मशीन के टूटे हिस्से को बाहर निकाल लिया गया है। अब यहां मैन्युअल ड्रिलिंग का काम शुरू किया जाएगा, जो कि भारतीय सेना की इंजीनियरिंग बटालियन मद्रास सेपर्स की निगरानी में आगे बढ़ेगा। मैन्युअल ड्रिलिंग के लिए रैट माइनिंग विधि अपनाई जाएगी, जिसमें छोटी-छोटी सुरंगे खोदी जाती हैं। कोयले की खदान में इस तरह की सुरंगें बनाई जाती हैं। वहीं मजदूरों तक पहुंच बनाने के लिए हर कोशिश जारी है।



बौखनाग देवता के मंदिर में खुल्बे और घिल्डियाल ने की पूजा

पीएमओ के पूर्व सलाहकार भास्कर खुल्बे और पीएमओ के उप सचिव मंगेश घिल्डियाल सिल्कयारा टनल बचाव स्थल पर मौजूद हैं। इसके अलावा जनरल वी के सिंह (रिटायर्ड) भी पहुंचे, और टनल के बाहर बने बौखनाग देवता के मंदिर में पूजा अर्चना की।

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मौसम विभाग ने जारी किया येलो अलर्ट

दो दिन पहले मौसम विभाग ने 3 दिनों का येलो अलर्ट जारी किया था, जिसके बाद कल से ही उसका असर भी देखने को मिला। प्रदेश के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की भी आशंका जताई गई है। चमोली, उत्तरकाशी, टिहरी, देहरादून, रुद्रप्रयाग, पौड़ी, पिथौरागढ़, बागेश्वर, चंपावत, नैनीताल और अल्मोड़ा जिलों में बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। दो जिलों को छोड़कर प्रदेश भर में बारिश के साथ ओलावृष्टि व बिजली चमकने की आशंका है। खराब मौसम के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में भी दिक्कतें आ सकती है।

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