3 मार्च 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बेहोश होकर सड़क पर गिरे बुजुर्ग, CPR देकर डायरेक्टर ने बचाई जान, वीडियो वायरल

MP News: नीमच शहर में शुक्रवार दोपहर राजस्व कॉलोनी में उस वक्त दिल दहला देने वाला मंजर देखने को मिला, जब एक बुजुर्ग अचानक सड़क पर गिर पड़ा। वहां से गुजर रहे एंटी करप्शन ब्यूरो के डायरेक्टर श्रीपाल बघेरवाल ने बिना एक पल गवाए बुजुर्ग को जिंदगी की डोर थमा दी।

2 min read
Google source verification

नीमच

image

Avantika Pandey

Nov 08, 2025

MP News

mp news CPR देकर एंटी-करप्शन डायरेक्टर ने बचाई बुजुर्ग की जान (फोटो सोर्स : पत्रिका)

MP News: नीमच शहर में शुक्रवार दोपहर राजस्व कॉलोनी में उस वक्त दिल दहला देने वाला मंजर देखने को मिला, जब एक बुजुर्ग अचानक सड़क पर गिर पड़ा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, राह चलते एक वृद्ध को अचानक दिल का दौरा पड़ा और वे सड़क किनारे बेहोश होकर गिर गए। आसपास मौजूद लोग मोबाइल से वीडियो बनाने लगे, लेकिन कोई पास जाने की हिम्मत नहीं जुटा पाया।उसी दौरान वहां से गुजर रहे एंटी-करप्शन डायरेक्टरेट के डायरेक्टर श्रीपाल बघेरवाल ने यह दृश्य देखा और बिना एक पल गंवाए गाड़ी रोकी। उन्होंने तुरंत वृद्ध की नब्ज़ और सांसें जांचीं, जो लगभग बंद हो चुकी थीं। स्थिति की गंभीरता समझते हुए बघेरवाल ने मौके पर ही सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) देना शुरू किया। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

सकारात्मक असर हुआ

करीब दो मिनट तक लगातार सीपीआर देने का सकारात्मक असर हुआ। वृद्ध ने धीरे-धीरे सांस लेना शुरू कर दिया और उनकी दिल की धड़कन वापस लौट आई। मौके पर मौजूद लोग हैरान रह गए, जिन्होंने खुद अपनी आंखों से मौत से लड़ते इंसान को फिर जिंदगी पाते देखा। इसके बाद बुजुर्ग को एम्बुलेंस में जिला अस्पताल भेजा गया, जहां डॉक्टरों ने उनकी हालत अब स्थिर बताई है। बघेरवाल ने घटना के बाद किसी तरह का प्रचार नहीं किया, लेकिन वहां मौजूद लोगों ने कहा कि सीपीआर देना सभी को आना चाहिए, घर में जरुरत होने पर जिंदगी बचाने के काम आएगा।

CPR का मतलब

सीपीआर (CPR)का मतलब कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन है, जो एक आपातकालीन जीवन रक्षक प्रक्रिया है। यह तब की जाती है जब किसी व्यक्ति की सांस या दिल की धड़कन रुक जाती है, ताकि मस्तिष्क और अन्य महत्वपूर्ण अंगों तक ऑक्सीजन युक्त रक्त पहुंचता रहे। सीपीआर में छाती पर दबाव डालना और कृत्रिम श्वास देना शामिल है, जब तक कि आपातकालीन चिकित्सा सहायता न मिल जाए। सीपीआर से जान बच सकती है, जैसा कि आज हुआ।

AI के अनुसार सीपीआर के बारे में मुख्य बात

  • कब करें: सीपीआर तब की जाती है जब कोई व्यक्ति सांस नहीं ले रहा हो या उसका दिल काम नहीं कर रहा हो, जैसे कि कार्डियक अरेस्ट के दौरान।
  • क्या करें: इसमें छाती पर दबाव डालना (हृदय के ऊपर) और बचाव श्वास (मुंह से सांस देना) शामिल है।
  • उद्देश्य: इसका मुख्य उद्देश्य हृदय को रक्त पंप करने में मदद करना और मस्तिष्क तक ऑक्सीजन पहुंचाना है।
  • अनुपात: सामान्यतः 30 बार छाती पर दबाव डालने के बाद दो बार कृत्रिम श्वास दी जाती है (30:02 का अनुपात)।
  • महत्व: यह एक महत्वपूर्ण जीवनरक्षक तकनीक है जिसे कोई भी सीख सकता है और यह आपातकाल के दौरान व्यक्ति के जीवित रहने की संभावना को बढ़ाती है।