22 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Video Story: पीडि़त मानवता के लिए इन लोगों के इस योगदान के आगे सम्मान में झुके सिर

पीडि़त मानवता की सेवा बिना स्वस्थ राष्ट्र का निर्माण मुश्किल

3 min read
Google source verification

नीमच

image

Mukesh Sharaiya

Jan 21, 2019

Body-Organ Donation In Neemuch Letest News

 नि:शुल्क स्वास्थ्य परीक्षण में उपचार कराने पहुंचे मरीज।

नीमच. पीडि़त मानवता की सेवा तो बहुत लोग करते हैं। आगे भी करते रहेंगे, लेकिन नीमच जिला मुख्यालय पर कुछ लोगों ने पीडि़त मानवता की सेवा के लिए जो काम किया ऐसा काम बिरले लोग की कर पाते हैं। रविवार को लायंस क्लब द्वारा आयोजित शिविर में इन लोगों ने जो काम किया है इससे उनके सम्मान में उपस्थितजनों के सिर झुक गए।

ऐसा क्या किया था इन लोगों ने जो झुक गए सिरे जानने पूरी पढ़ें खबर
रविवार 20 जनवरी को लायंन डेन सभागार में अनंता अस्पताल व लायंस क्लब के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित नि:शुुल्क स्वास्थ्य चिकित्सा शिविर के शुभारंभ समारोह में लांयस क्लब अध्यक्ष सुनील शर्मा ने कहा कि पीडि़त मानवता की सेवा बिना स्वस्थ राष्ट्र का निर्माण नहीं हो सकता। नेत्रदान और देहदान के साथ चिकित्सा स्वास्थ्य परीक्षण शिविर के क्षेत्र में भी लांयस क्लब नए आयाम स्थापित कर रहा है। पहली बार बाजार में महंगे मूल्यों पर होने वाली बीएमडी मशीन हड्डी, खून, ईसीजी, एक्सरे, शुगर जैसी विभिन्न जांचें नि:शुल्क अनुभवी विषेशज्ञों द्वारा की गई। रोगियों के स्वास्थ्य का चिकित्सा परीक्षण कर उचित रोग निदान चिकित्सा परामर्श प्रदान किया गया। शिविर में मरीजों को पहली बार 5 दिन की दवाईयां नि:शुल्क वितरित की गई। निराश्रित निर्धन वर्ग के लोगों की सेवा ही सच्ची ईश्वर सेवा है। लायंस क्लब के जोन चेयनपर्सन लायन एके श्रीवास्तव, रिजन चेयरमेन डीआर शर्मा, शिविर सूत्रधार क्लब चेयरपर्सन एमजेएफ लायन डा. रमेश दक, मार्केटिंग हेड हेंमत बंसल ने भी विचार व्यक्त किए। शिविर में सुबह 10 बजते ही रोगियों का पंजीयन प्रारम्भ हो गया था। लांयस डेन परिसर में 3-4 क्षेत्रों में विभाजित था। पहला क्षेत्र परिसर में बनाया गया था। इसमें पेयजल पंजीयन के दो-दो टेंट कक्ष, पूछताछ हेल्प डेस्क, बीएमडी मशीन कक्ष, विश्राम पांडाल, एक्सरे, ईसीजी, मूत्र रोग जनरल सर्जरी के एक-एक कक्ष स्थापित किए गए थे। इसमें तीन-तीन सेवक अपनी सेवाएं प्रदानकर कर रहे थे। नि:शुल्क दंवाईयों के वितरण हेतु महिला एवं पुरूषों के दो अलग-अलग वितरण केन्द्र स्थापित किए गए थे। शिविर में 1503 रोगियों के पंजीयन कर स्वास्थ का चिकित्सा परीक्षण कर उचित चिकित्सा परामर्श प्रदान किया गया। इसके साथ ही लायंस क्लब के जोन चेयनपर्सन लायन एके श्रीवास्तव, रिजन चेयरमैन डीआर शर्मा द्वारा शिविर में अधिकारिक यात्रा पूरी की।

इन चिकित्सकों ने दी शिविर में सेवाएं
लायंन डेन के बेडमिंटन सभा कक्ष में 13 विभिन्न रोगों के निदान हेतु अलग-अलग 13 कक्ष स्थापित किए गए थे। इसमें अनंता अस्पताल उदयपुर के ह्रदय रोग विषेशज्ञ डा दिलिप जैन, मूत्र रोग के डा मुकेश पटेल, मस्तिष्क रोग के मुकेश गर्ग केंसर के डा दर्शन पटेल, जनरल मेडिसन के नीलेश पतीरा, जनरल सर्जरी के डा अवधेश शर्मा, नाक कान गला रोग के डा. हेमेंद्र बामनिया, चर्म रोग की डा वैशाली मस्तकर, स्त्री एवं प्रसूति डा पायल जैन, मनोरोग नशामुक्ति डा सुनील, शिशु रोग के डा अनुप पालीवाल, हड्डी जोड़ रोग के डा हेंमत खाजिया, श्वास दमा रोग के डा मनोज जानी, संजीवनी मेडिकल ऑफ कॉलेज नृसिंग की गुलकशा एवं उनकी 15 सदस्यीय टीम, 6 लेब टेक्नीशियन 7 फार्मास्टिस्ट, 5 मैनेजर, 10 वार्ड बॉय एवं क्लब के सैकड़ों सदस्यों ने अपनी उल्लेेखनीय सेवाएं प्रदान की। इस अवसर पर लांयस क्लब अध्यक्ष सुनिल शर्मा, सचिव अरविंद जायसवाल, अश्वनी भारद्वाज, महेन्द्र चौधरी, मनोहरसिंह लोढ़ा, बाबुलाल गौड़, चन्द्रेश ऐरन, राजेन्द्र गर्ग, योगेश पंत, गुरुमुख छाबड़ा, अरूण खाबिया, रिखब गोपावत, अनिल गोयल, गोपाल गर्ग, अमरजीत वधवा, कैलाश लाठी सहित क्लब की लायन महिलाओं ने पहली बार चिकित्सा षिविर में बढ़ चढ़कर उल्लेखनीय सेवाएं को प्रदान की।

शिविर में 7 लोगों ने की देहादान की घोषणा
शिविर में लांयस क्लब के पदाधिकारियों की सद्प्रेरणा से विमल दीपचंद चेलावत (67), उमादेवी राज बहादुर (48), सावरमल लादूलाल जैन (56), मंजू धर्मपत्नी सावरमल जैन (53) निवासी इन्दिरा नगर, कमलाशंकर पिता बाबुलाल सेन (65) निवासी गोकुलधाम बघाना, सरवानिया महाराज निवासी परमार दम्पति लक्ष्मीबाई धर्मपत्नी दौलतराम परमार (63), दौलतराम पिता अम्बालाल परमार (76) ने मरणोंपरांत मेडिकल विद्यार्थियों के चिकित्सा प्रशिक्षण एवं परीक्षण के लिए अपना शरीर मेडिकल कॉलेज को दान करने की घोषणा का स्वीकृति फार्म भरकर सहमति प्रदान की।

IMAGE CREDIT: mukesh sahariya
IMAGE CREDIT: mukesh sahariya