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यहां की कॉलेज छात्राओं ने पढ़ाई के लिए खंगाला जंगल

जीव विज्ञान की छात्राओं ने किया गांधीसागर जैव विविधता का अध्ययन

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नीमच

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Mukesh Sharaiya

Feb 19, 2020

 College girls here searched the forest for studies

जाजू कन्या महाविद्यालय की छात्राओं ने किया गांधीसागर क्षेत्र का भ्रमण।

नीमच. श्री सीताराम जाजू शासकीय कन्या स्नातकोत्तर महाविद्यालय की बीएससी अंतिम वर्ष की छात्राओं ने विश्व बैंक परियोजना अंतर्गत शैक्षणिक उन्नयन कार्यक्रम के तहत गांधीसागर अभयारण्य का शैक्षणिक भ्रमण किया। दल में 30 छात्राओं ने डा. साधना सेवक, डा. प्रियंका ढलवानी एवं मनीषा भरंग के मार्गदर्शन में गांधीसागर अभयारण्य में बांध के आसपास, तक्षेश्वर महादेव एवं हींगलाजगढ़ तथा रामपुरा की वानस्पतिक एवं प्राणी विविधता का अध्ययन किया।
भारतीय कला की ऐतिहासिक पुरातात्विक स्थल नागराज तक्षेश्वर महादेव (तारवाजी) मंदिर क्षेत्र में सुंदर झरना एवं आसपास सांप के जहर से बचाने वाली औषधियों से भरपूर व अन्य वनस्पतियों से हरे भरे जंगल में छात्राओं ने वन विभाग के अधिकारियों द्वारा पहचान बताई गई। पौधों का हरबेरियम हेतु संग्रहण किया। साथ ही गिद्ध, कारमोरेंट, बी ईटर, ट्री पाई सहित अन्य पक्षियों की पहचान की। 11वीं शताब्दी में परमार राजाओं द्वारा बनवाए गए प्राचीन हींगलाज माता के शक्ति पीठ हींगलाजगढ़ के किले में चौथी, पांचवी शताब्दी की अद्वितीय मूर्तियां, शिल्पों के अवशेष सहित आसपास के जंगलों की मुख्य वृक्ष प्रजातियां खैर, सलाय, साब्जा, धावड़ा, तेन्दू, पलाश आदि वृक्षों का पहचाना। साथ ही लौटते समय छात्राओं ने मत्स्योत्पादन हेतु प्रसिद्ध बांध से पकड़ी मछलियों को मत्स्य महासंघ रामपुरा कार्यालय व अन्य क्षेत्रों में परिवहन किए जाने की प्रक्रिया प्रबंधक ठाकरे के मार्गदर्शन में समझी। ठाकरे ने छात्राओं को विस्तार से इस क्षेत्र की रोहू, कतला, मृगल, पढ़ीन, सिंघाड़ प्रजातियों की मछलियों की पहचान समझाई। वजन, आकार अनुसार छंटाई, ग्रेडिंग कर बर्फ में पेकिंग की सारी प्रक्रिया समझाई। प्राचार्य डा. मीना हरित ने छात्राओं को यात्रा में संग्रहित वनस्पतियों की पहचान कर उपयोग करने एवं प्राप्त ज्ञान को जैव विविधता के संरक्षण की जागरूकता फैलाने हेतु प्रेरित किया।