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कांग्रेस में आपसी फूट का खामियाजा भुगता मीनाक्षी नटराजन ने

कांग्रेस की लापरवाही और अंदरूनी कलह का परिणाम है नटराजन का नामांकन निरस्त होना, कांग्रेस केवल मंचों पर करती है नारी सम्मान और महिला सशक्तिकरण की बड़ी बड़ी बातें

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नीमच

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Mukesh Sharaiya

Jun 13, 2026

Neemuch Breaking News

पत्रकारों से रूबरू हुई भाजपा जिलाध्यक्ष व अन्य नेत्रियां।

नीमच. राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस नेता मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त होने के मामले को लेकर भाजपा ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त होना कांग्रेस की गंभीर लापरवाही, महिला विरोधी सोच और पार्टी के भीतर चल रही अंदरूनी कलह का प्रत्यक्ष परिणाम है।

संवैधानिक प्रक्रियाओं की अनदेखी, छिपाए तथ्य
यह बात शुक्रवार को टाउन हॉल में आयोजित पत्रकार वार्ता में जिला भाजपा अध्यक्ष वंदना खंडेलवाल ने कही। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सार्वजनिक मंचों पर नारी सम्मान और महिला सशक्तिकरण की बड़ी बड़ी बातें करती है, लेकिन व्यवहार में महिलाओं के प्रति उसका रवैया हमेशा विरोधाभासी रहा है। मीनाक्षी नटराजन का नामांकन पत्र संवैधानिक और कानूनी प्रक्रियाओं के अनुरूप नहीं भरा गया था। नामांकन पत्र में महत्वपूर्ण तथ्यों को छिपाया गया, जो पूरी तरह से कांग्रेस नेतृत्व एवं उसके विधि सलाहकारों की घोर लापरवाही को दर्शाता है। जिस प्रकार से आवश्यक जानकारी का समुचित उल्लेख नहीं किया गया, वह एक गंभीर चूक है।

कांग्रेस के गुट ही बने नटराजन की राह में बाधक
भाजपा नेत्रियों ने दावा किया कि कांग्रेस के भीतर ही ऐसे गुट सक्रिय थे, जो मीनाक्षी नटराजन को राज्यसभा पहुंचने से रोकना चाहते थे। उन्होंने कहा कि यदि कांग्रेस वास्तव में नटराजन को राज्यसभा भेजना चाहती, तो नामांकन प्रक्रिया में इतनी बड़ी त्रुटि कभी नहीं होती। उन्होंने तेलंगाना से जुड़े एक मामले का भी उल्लेख करते हुए बताया कि एक महिला कांग्रेस कार्यकर्ता द्वारा लगाए गए आरोपों से संबंधित प्रकरण का जिक्र नटराजन के नामांकन पत्र में नहीं किया गया था। किसी भी संवैधानिक प्रक्रिया में तथ्यों को छिपाना अनुचित है। इसी कारण निर्वाचन आयोग द्वारा लिया गया निर्णय पूरी तरह सही है।

सुप्रीम कोर्ट से भी लगा झटका
मीनाक्षी नटराजन द्वारा इस मामले में दायर याचिका को सुप्रीम कोर्ट भी खारिज कर चुका है। संविधान के अनुच्छेद 329(बी) के तहत निर्वाचन आयोग के निर्णयों का विशेष महत्व है और उनका सम्मान किया जाना चाहिए। महिला आरक्षण और महिला सम्मान के मुद्दों पर कांग्रेस का रिकॉर्ड हमेशा सवालों के घेरे में रहा है। इस दौरान नपाध्यक्ष स्वाति चौपड़ा, मीना जायसवाल, हेमलता धाकड़, निलेश पाटीदार, मनोज माहेश्वरी, अरुणा तलरेजा सहित भाजपा के कई अन्य पदाधिकारी और कार्यकर्ता प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।