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जलाशय से लेकर जमीन तक फैला गदंगी का अंबार

जलाशय से लेकर जमीन तक फैला गदंगी का अंबार

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जलाशय से लेकर जमीन तक फैला गदंगी का अंबार

नीमच. स्वच्छता सर्वेक्षण 2018 होने के बाद से ही लगता है स्वच्छता की ओर ध्यान देना ही बंद कर दिया है। तभी तो शहर से छोटे से लेकर बड़े सभी नाले गंदगी और जलकुंभी से पटने लगे हैं। हालात यह है कि इन नालों के पास से गुजरने वाले लोगों को नाक बंद करके निकलना पड़ता है। वहीं नालों के आसपास रहने वाले नालों की दुर्दशा के कारण घर से बाहर निकलना भी ठीक नहीं समझते हैं। लेकिन जिम्मेदारों का इस ओर बिल्कुल ध्यान नहीं है।
बतादें की पहले की अपेक्षा अब सड़कों पर नजर आने वाली गंदगी के ढेरों में कमी आई है। लेकिन सड़क के किनारे स्थित नालियों की सफाई नहीं होने के कारण गंदगी से पटी नालियों से भयंकर बदबू और मच्छरों की भरमार हो रही है। ऐसे में आसपास के रहवासियों को बीमारी का भय बना रहता है।

केस 1. शहर का मूलचंद्र मार्ग गदंगी के नाम से प्रसिद्ध है। इस क्षेत्र में हमेेशा सफाई का अभाव पाया जाता है। यहां की मुख्य सड़कों पर हर चार कदम पर कचरे के ढेर देखे जा सकते हैं। यहां जब रविवार दोपहर करीब 03.10 बजे नजर डाली तो हालात आश्चर्य जनक नजर आए, यहां स्थित बड़ा नाला गदंगी से पूर्णतय: जाम था। ऐसे में आसपास के रहवासी अपने घरों के दरवाजे बंद करने के लिए मजबूर नजर आए। क्योंकि बदबू के कारण घर के बाहर बैठना किसी चुनौती से कम नहीं लग रहा था।

केस 2. शहर के मुख्य मार्गों से सटे यादव मंडी क्षेत्र के हालात आश्चर्य जनक नजर आए। घंटा घर क्षेत्र से जुड़े इस मार्ग पर स्थित नाले में शहर के अधिकतर क्षेत्र की गदंगी आती है। ऐसे में समय पर सफाई नहीं होने के कारण नाला पूर्ण रूप से जाम हो चुका है। यादव मंडी के रहवासियों ने बताया कि जब भी कोई सफाई कर्मी आता है खानापूॢत करके चला जाता है। इस कारण नाले की गदंगी की समस्या जस की तस बनी रहती है। इस बारे में कई बार अधिकारियों को बोला है। लेकिन कोई सुनता नहीं है।

केस 3. आश्चर्य की बात है जिस जगह पर स्वयं विधायक का बंगला है उसी के समीप सब्जी मंडी के सामने स्थित नाला इस कदर उफान पर आया है। कि सड़क तक गंदगी ओर गंदा पानी आने के कारण आवाजाही करने वाले लोगों को काफी समस्या का सामना करना पड़ रहा है। लेकिन जिम्मेदारों का इस ओर ध्यान नहीं है। ऐसे हाल यहीं के नहीं है, बल्कि पूरे शहर में स्थित नालों जाम होने के कारण मच्छर पनपने के कारण बीमारी का भय बना रहता है।

केस 4. कलेक्टोरेट मार्ग पर स्थित संजीवनी तालाब स्वच्छता सर्वेक्षण 2018 के तहत ऐसा साफ किया गया था कि पानी दूर से ही साफ सुथरा और स्वच्छ कंचन नजर आने लगा था। लेकिन स्वच्छता सर्वेक्षण के बाद से ही इस ओर किसी ने मुहं तक नहीं किया। ऐसे में दिन ब दिन फिर तालाब में गदंगी का परचम लहराने लगा, हाल यह हो गए हैं कि तालाब के दोनों ओर कचरे के ढेर लग चुके हैं। वहीं तालाब में जलकुंभी ने फिर अपने पैर पसार लिए है। आश्चर्य की बात तो यह है कि तालाब की सुंदरता के लिए जो फव्वारा लगाया गया था, वह भी नजर नहीं आ रहा था, आसपास बैठक के लिए लगी कुर्सियां भी अपना वजूद खो बैठी है।

गदंगी से जाम नालों को साफ करने का कार्य चालु है। एक के बाद एक नाले को खोलकर साफ किया जारहा है। उक्त स्थानों पर भी शीघ्र सफाई करवाएंगे। संजीवनी नाले की भी सफाई करवाई जाएगी।
-विश्वासचंद्र शर्मा, हेल्थ ऑफिसर, नगरपालिका, नीमच