12 फ़रवरी 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

दिल्ली भूख से मौत मामला: अजय माकन का केजरीवाल पर हमला, सरकार की योचनाएं सिर्फ कागजों में

दिल्ली के मंडावली इलाके में तीन बच्चियों की भूख से मौत के मामले में दिल्ली कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय माकन सीएम केजरीवाल से ट्वीट कर तीन सवाल पूछे है।

2 min read
Google source verification

नई दिल्ली। पूर्वी दिल्ली के मंडावली इलाके में तीन बच्चियों की भूख से मौत के मामले में दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष अजय माकन ने सीएम केजरीवाल पर जमकर हमला बोला है। माकन ने दिल्ली के सीएम पर सवाल उठाते हुए कहा कि मासूम बच्चियों की भूख से मौत होना शर्मनाक है। उन्होंने कहा कि दिल्लीवालियों को घर-घर राशन पहुंचाने की बात करने वाली केजरीवाल सरकार हर मामलें में फेल है। उनकी योजनाएं सिर्फ कागजों में दिखती है।

यह भी पढ़ें-दिल्ली में भूख से मौत के मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार ने केंद्र-राज्य सरकार को जारी किया नोटिस

माकन का केजरीवाल से सवाल

दिल्ली कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने ट्वीट करते हुए सीएम केजरीवाल से तीन सवाल पूछे हैं। उन्हेंन कहा कि पीड़ित परिवार के पास राशन कार्ड तक नहीं था। उनकी बड़ी बेटी सरकारी स्कूल में पढ़ती थी उसे मिड डे मील मिलना चाहिए था, लेकिन वह भी नहीं मिला। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार की योजनाए सिर्फ कागजों पर है। केजरीवाल सरकार ने आम आदमी कैंटीन भी शुरू की थी, लेकिन उनका भी जनता को फायदा नहीं मिला।

पीड़ित परिवार को दिल्ली सरकार ने दी 25 हजार की आर्थिक मदद

डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया ने इस घटना पर दुख जाते हुए कहा कि भूख और भूखमरी से किसी की मौत होना हमारे लिए शर्म की बात है। इस घटना से ये साबित होता है कि सरकार के कार्यप्रणाली में कुछ ना कुछ खामिया हैं। उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवार को दिल्ली सरकार की तरफ से 25 हजार की आर्थिक मदद दी गई है। वहीं बच्चियों की मां को इलाज भी दिल्ली सरकरा करवा रही है। वहीं, जब पिता वापस आ जाएंगे तो उन्हें और परिवार को और आर्थिक सहायता उपलब्ध करायी जाएगी।

क्या है मामला...

बता दें कि दिल्ली के मंडावली इलाके में तीन बच्चियों की भूख से मौत हो गई है। वहीं, मां की हालत भी नाजुक बनी हुई है। 8 साल की शिखा, 4 साल की मानसी और 2 साल की पारुल के पिता मंगलवार से घर से बाहर खाना लाने के लिए निकले थे, जो अभी तक घर लौट कर नहीं आए हैं। वहीं, डॉक्टरों ने बताया कि तीनों बच्चियों की भूख से तड़प-तड़प कर मौत हुई है। पोस्टमार्टम में भी इस बात का खुलासा हुआ है। डॉक्टर ने अनुसार पोस्टमार्ट में सामने आया कि बच्चियों के पेट में अनाज का एक दाना नहीं था। उनका चेहरा सूखकर बंदर की तरह हो गया था। वहीं, उनके शरीर पर फैट या चर्बी का नामोनिशान नहीं था।