8 अप्रैल 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

तरुण हत्याकांड: हिंसा भड़काने के आरोपी की जमानत याचिका पर बहस तेज, क्या रहा कोर्ट का फैसला

Tarun Murder Case: उत्तम नगर के तरुण हत्याकांड में आरोपी बाबू खान की जमानत को लेकर कोर्ट में सुनवाई हुई। पुलिस ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि जांच अभी जारी है। अब इस मामले में आगे क्या होगा, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।

2 min read
Google source verification
tarun murder case uttam nagar delhi babu khan bail hearing

तरुण हत्याकांड के आरोपी जमानत को लेकर द्वारका कोर्ट में सुनवाई

Tarun Murder Case: दिल्ली के उत्तम नगर में हुए चर्चित तरुण हत्याकांड से जुड़े मामले की सुनवाई द्वारका कोर्ट में हुई। यह मामला इस हत्याकांड में भीड़ को भड़काने के आरोपी बाबू खान की अग्रिम जमानत से जुड़ा था। इस मामले की सुनवाई शिवाली बंसल की अदालत में हुई, जहां दोनों पक्षों ने अपनी-अपनी दलीलें रखीं। यह मामला उस घटना से जुड़ा है, जिसमें 4 मार्च को उत्तम नगर की जेजे कॉलोनी में 26 साल के तरुण खटीक पर भीड़ ने हमला कर दिया था। हमले में गंभीर रूप से घायल होने की वजह से तरुण की इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी।

जमानत याचिका का हुआ कड़ा विरोध

सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस की ओर से जांच अधिकारी ने आरोपी की अग्रिम जमानत याचिका का कड़ा विरोध किया। पुलिस ने अदालत को बताया कि मामले की जांच अभी जारी है और ऐसे में आरोपी को अग्रिम जमानत देना उचित नहीं होगा। साथ ही इस संबंध में विस्तृत जवाब भी कोर्ट में दाखिल किया गया।

बाबू खान पर के खिलाफ गवाही

आरोपी बाबू खान पर आरोप है कि उसने भीड़ को हिंसा के लिए उकसाया था। पुलिस के अनुसार, उसी के भड़काने पर लोगों की भीड़ इकट्ठा हुई और फिर तरुण पर हमला किया गया। गवाहों और परिजनों ने बाबू कान के विरोध में बयान देते हुए कहा कि घर के बाहर इकट्ठी हुई भीड़ ने पहले जातिसूचक टिप्पणियां की और उसके बाद तरुण पर हमला किया गया।

कोर्ट का फैसला

सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने आरोपी को राहत देने की मांग करते हुए अपनी दलीलें पेश कीं। दोनों पक्षों को सुनने के बाद शिवाली बंसल की अदालत ने फिलहाल अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है। अब इस मामले की सुनवाई कल यानी 9 अप्रैल को दोपहर के 2 बजे होगी और कल ही फैसला सुनाया जाएगा।

क्या था पूरा मामला?

तरुण हत्याकांड की कहानी होली के दौरान एक पानी के गुब्बारे से शुरू हुई थी। होली के दिन तरुण की छोटी भतीजी ने गलती से छत से पानी से भरा गुब्बारा फेंक दिया, जो पड़ोस की एक महिला को लग गया। हालांकि परिवार ने तुरंत माफी मांग ली थी, लेकिन फिर भी मामला शांत नहीं हुआ। इसके बाद पड़ोस के लगभग 10 से 15 लोग लाठी-डंडों के साथ तरुण के घर पहुंच गए और विवाद बढ़ गया। इसी दौरान जब तरुण अपने परिवार को बचाने के लिए बीच में आए, तो भीड़ ने उन पर हमला कर दिया। इस विवाद में हमले के साथ-साथ जातिसूचक टिप्पणियां भी की गई थी। पुलिस ने इस मामले में 14 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया था।