गौरव : सभापति धनखड़ की अनुपस्थित में मिला मौका, ट्वीट पर जताई खुशी
नई दिल्ली. 'उडऩ परी' के नाम से विख्यात पी.टी. उषा ने गुरुवार को संसद के उच्च सदन राज्यसभा में सभापति और उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ की अनुपस्थिति में कार्यवाही की अध्यक्षता की। राज्यसभा की मनोनीत सांसद उषा ने इस बारे में अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर करीब आधे मिनट का वीडियो ट्वीट कर खुशी जताई। उन्होंने लिखा, जैसा कि फ्रेंकलिन डी रूजवेल्ट ने कहा था कि महान पद के साथ महान जिम्मेदारी शामिल होती है, जब मैंने राज्यसभा सत्र की अध्यक्षता की, मुझे इसका एहसास हुआ। मैं मील का पत्थर बनाने की उम्मीद करती हूं। मैं इस यात्रा को अपने लोगों के भरोसे के साथ करती हूं। पी.टी. उषा भारत की स्टार धावक रह चुकी हैं। वह भारतीय ओलंपिक एसोसिएशन की अध्यक्ष भी हैं। जुलाई 2022 में भाजपा ने उन्हें राज्यसभा के लिए मनोनीत किया था। उन्होंने एशियाई खेलों में 4 गोल्ड और 7 सिल्वर मेडल जीते हैं। लॉस एंजिल्स ओलंपिक (1984) में उषा महिलाओं की 400 मीटर बाधा दौड़ में एक सेकंड के 100वें हिस्से से पदक से चूक गई थीं। उनकी ओर से लिया गया 55.42 सेकंड का समय राष्ट्रीय रेकॉर्ड है।
इसलिए की सदन की अध्यक्षता
पिछले साल दिसंबर में पी.टी. उषा को राज्यसभा के उपसभापति के पैनल में शामिल किया गया था। पैनल का हिस्सा बनने वाली वह पहली मनोनीत सांसद हैं, जो सभापति और उपसभापति के मौजूद नहीं रहने पर सदन की कार्यवाही का संचालन करती हैं।