
बूरोड. वाल्मीकि बस्ती स्थित राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय।
आबूरोड . शहर की वाल्मीकि बस्ती क्षेत्र में संचालित राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय अंतिम सांसें गिन रहा है। चार साल से यह विद्यालय एकमात्र शारीरिक शिक्षक के भरोसे चल रहा है। ऐसे में बच्चों का नामांकन दहाई की संया में पहुंच गया है। शिक्षकों की कमी के चलते अभिभावक भी टीसी निकलवाकर बच्चों को अन्यत्र विद्यालयों में प्रवेश दिलवा रहे हैं। यहीं हाल रहा तो कभी बच्चों से भरा रहने वाला यह विद्यालय वीरान भी हो सकता है।
जानकारी के अनुसार विद्यालय में प्रधानाध्यापक समेत शिक्षकों के नौ पद स्वीकृत है। करीब चार साल से प्रधानाध्यापक समेत शिक्षकों के आठ पद रिक्त हैं। ऐसे में कार्यरत शारीरिक शिक्षक को खेल गतिविधियों, पोषाहार व्यवस्था व विभागीय कार्यों के साथ कक्षा 1 से 8 के बच्चों को सभी विषयों की पढ़ाई करवानी पड़ रही है। कई बार सभी बच्चों को एक ही कक्षा कक्ष में बिठाना होता है। ऐसे हालात में बच्चों का अध्ययन प्रभावित होना लाजिमी है।
करीब दस साल पहले शिक्षकों के सभी पद भरे होने से विद्यालय में करीब 225 बच्चों का नामांकन था। जैसे-जैसे शिक्षकों के पद रिक्त होते गए बच्चों की संया घटती चली गई। इस साल करीब आधा दर्जन बच्चों के अभिभावकों ने टीसी निकलवाकर उनको अन्य विद्यालयों में प्रवेश दिलवा दिया। आज छात्र-छात्राओं की संया 63 रह गई है। शिक्षकों के खाली पद नहीं भरे तो हो सकता है आने वाले दो-तीन साल में विद्यालय में एक भी बच्चा नजर नहीं आए।
विद्यालय में शिक्षकों के पद रिक्त चल रहे हैं। विभाग से जानकारी मांगने पर इस बारे में अवगत करवाया जाता है। वर्तमान में यहां 63 बच्चों का नामांकन है।
अरविंद विश्नोई, शारीरिक शिक्षक, राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय, वाल्मीकि बस्ती, आबूरोड
Updated on:
12 Sept 2025 03:52 pm
Published on:
12 Sept 2025 03:52 pm
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