
सीकर. सीकर शहर के रीको इंडस्ट्रीयल एरिया के पीछे स्थित वार्ड 45 में किसानों के खेतों की मेड़ काटकर रास्ता बनाने के दौरान जमीन के नीचे हैंड ग्रेनेड मिला है। किसान गिरधारी खीचड़ ने तुंरत पुलिस को सूचना दी। किसान व अन्य ग्रामीणों ने बताया कि पुलिस मौके पर पहुंची और हैंड ग्रेनेड को तुरंत कवर करवाकर सुरक्षित किया। मौके पर पुलिस जाब्ता तैनात है। पुलिस ने बम निरोधक दस्ते को सूचना दी। जयपुर से शुक्रवार सुबह टीम बम निरोधक दस्ते की टीम आई और हैंड ग्रेनेड की पुख्ता तस्दीक कर इसका निस्तारण कर इसे जयपुर ले गई।
शहर के वार्ड 45 के अंदर शेखावाटी कॉलेज के पीछे की ओर से किसान आपसी सहमति से खेतों से 15- 15 फीट जगह छोड़कर रास्ता बनान का कार्य कर रहे थे। इस दौरान गुरुवार शाम को 4.40 बजे के करीब ट्रैक्टर से मिट्टी हटाते समय एक लोहेनुमा वस्तु ट्रैक्टर के पलाव के पीछे घिसटती गई। किसान ने इसे देखा व मिट्टी हटाई तो यह हैंड ग्रेनेडनुमा वस्तु लगी और तुरंत पुलिस को सूचना दी। सीओ सिटी संदीपसिंह व उद्योग नगर थानाधिकारी राजेश कुमार ने बताया कि हालांकि अभी तक पुलिस यह तय नहीं कर पाई है कि यह हैंड ग्रेनेड ही है या फिर कोई लोहे की वस्तु या अन्य चीज। हैंड ग्रेनेडनुमा यह वस्तु कितनी पुरानी है और मिट्टी के नीचे कहां से मिली, इसका पता जांच की जा रही है। आसपास की काॅलोनी व ग्रामीणों में इस हैंड ग्रेनेड को लेकर कौतुहल है और लोग दोपहर से ही मौके पर एकत्रित होने गए।पुलिस जवान रातभर मौके पर पहरा देते रहे ताकि ग्रामीणों को हैंड ग्रेनेड से दूर रखा जा सके।
जयपुर से शुक्रवार सुबह बम निरोधक दस्ता आया। दस्ते ने पहले मौका स्थल से ग्रामीणों व किसान परिवार को दूर किया। इसके बाद दस्ते ने बुलेट प्रूफ शूट व अन्य उपकरण पहनें और हैंड ग्रेनेड की तस्दीक की। जयपुर से आई टीम ने बताया कि यह हैंड ग्रेनेड काफी पुराना है और इसके फटने या विस्फोट होने के चांस कम है। टीम ने इसका निस्तारण किया और फिर इसे सुरक्षित रखकर अपने साथ ले गई।
हालांकि खेत में मिट्टी में दबे इस हैंड ग्रेनेड को लेकर ग्रामीण पुलिस दोनों ही सवाल उठा रहे हैं कि यह हैंड ग्रेनेड खेत में कैसे आया। हैंड ग्रेनेड को इतनी गहराई में मिट्टी में किसी ने जानबूझकर दबाया था या फिर कोई सेना की टुकड़ी या अन्य लोगों के यहां आसपास कैंप करने के दौरान यह यहां छूटा है। सवाल यह भी उठ रहा है कि यह बॉर्डर एरिया भी नहीं है और ना ही यहां सेना की आवाजाही रही ऐसे में यह हैंड ग्रेनेड यहां कैसे दबा मिला है।
Updated on:
06 Feb 2026 01:36 pm
Published on:
06 Feb 2026 01:36 pm
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