आयोजन संत श्रीदत्तशरणानंद, स्वामी गोविन्द देव गिरी की प्रेरणा से किया जाएगा, जिसका उद्देश्य किसानों और गोपालकों को प्रोत्साहित करना है। ताकि वे प्राकृतिक और जैविक कृषि को अपनाएं। कार्यक्रम में गो आधारित प्राकृतिक खेती, एग्री स्टार्टअप्स, गोपालक, गोशालाओं और फार्मर प्रोड्यूसर आर्गेनाइजेशन्स के प्रतिनिधियों को एक मंच पर लाया जाएगा। इसमें महिला स्वयं सहायता समूहों को शामिल किया जाएगा, ताकि वे कृषि क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभा सकें। कार्यक्रम में राजस्थान व केंद्र सरकार, सामाजिक संगठनों और किसान संगठनों का योगदान होगा। इस दौरान भारतीय जैविक किसान उत्पादक संघ, अखिल भारतीय गौशाला सहयोग परिषद, लोक आरती (राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ) और हेनिमन चेरिटेबल मिशन सोसायटी जैविक कृषि और गो आधारित प्राकृतिक खेती पर एक प्रजेंटेशन भी देंगे।