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शिक्षा सत्र समाप्ति की ओर,पोशाक की राशि का अभी तक इंतजार

- जिले के डेढ़ लाख और राज्य के 56 लाख विद्यार्थियों को नि:शुल्क मिलनी थी यूनिफॉर्म -शिक्षा विभाग इस वर्ष कक्षा एक से आठवीं तक छात्र-छात्राओं और कक्षा नौ से 12 वीं तक बेटियों को आठ सौ रुपए देने का किया था प्रावधान पत्रिका एक्सक्लूसिव--कृष्ण चौहान.
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श्री गंगानगर

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Krishan Ram

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Updated: 19 Mar 2025, 12:43 PM IST

  • श्रीगंगानगर.श्रीगंगानगर व हनुमानगढ़ जिले सहित राज्य भर के सरकारी स्कूलों में पढ़ाई करने वाले 56 लाख से अधिक विद्यार्थियों के लिए मुफ्त यूनिफॉर्म योजना एक सपना बन कर रह गई है। शिक्षा सत्र समाप्त होने को है लेकन अभी तक विद्यार्थियों को राशि नहीं मिली। इसमें पहली से आठवीं कक्षा तक सभी विद्यार्थियों और कक्षा नौ से 12 वीं तक की बेटियों को स्कूल ड्रेस, सिलाई और स्कूल बैग की एवज में प्रति विद्यार्थी 800 रुपए देने का प्रावधान था लेकिन हैरत की बात है कि अभी तक एक भी विद्यार्थी को राशि नहीं मिल पाई है।

योजना का नहीं हो रहा क्रियान्वयन

  • इस योजना की शुरुआत नवंबर 2022 में कांग्रेस सरकार के समय हुई थी, लेकिन उसे लागू करने में कई बाधाएं सामने आई। शिक्षा निदेशालय के सूत्रों के अनुसार यूनिफॉर्म खरीदने के लिए जो निविदाएं आमंत्रित की गई थीं, उनमें केवल उन्हीं फर्मों को भाग लेने की अनुमति थी जो कपड़ा मेन्यूफैकरिंग और सिलाई में विशेषज्ञता रखती थीं। अधिकतर कपड़ा निर्माता कंपनियां केवल सामग्री का उत्पादन कर रही हैं। असली समस्या तब उत्पन्न हुई जब सिलाई का कार्य करने वाली कंपनियों के साथ इस प्रकिया में सामंजस्य नहीं बन पाया। इसके बाद राज्य सरकार ने इस योजना में विद्यार्थियों को राशि देने का निर्णय किया गया।

पिछले वर्ष के अनुभव : सुधार की जरूरत

  • पिछले शैक्षणिक सत्र में भी इस योजना का क्रियान्वयन ज्यादा संतोषजनक नहीं रहा था। उस समय भी बजट में देरी के चलते केवल कपड़ा वितरित किया गया,जबकि सिलाई के लिए बच्चों को लंबे समय तक 200 रुपए का इंतजार करना पड़ा।

शिक्षा विशेषज्ञों की राय

  • एक्सपर्ट व्यू-हंसराज यादव, सेवानिवृत सीडीइओ, श्रीगंगानगर।
  • इस तरह की योजनाओं का लाभ विद्यार्थियों को समय पर मिलना जरूरी है। यदि योजना का कार्यान्वयन समय पर नहीं किया गया तो यह शिक्षा के प्रति बच्चों की सकारात्मक मानसिकता को प्रभावित कर सकता है। सरकार को इस मुद्दे पर ध्यान देकर जल्दी से जल्दी समाधान निकालना चाहिए ताकि विद्यार्थियों को आवश्यक संसाधन मिल सकें।

फैक्ट फाइल- श्रीगंगानगर जिला

  • कक्षा एक से आठवीं तक विद्यार्थी : 1,26,920
  • कक्षा नौ से 12 वीं तक छात्राएं : 30255
  • कुल विद्यार्थी: 1,57,175
  • प्रति विद्यार्थी मिलेगी राशि : 800 रुपए

अभी तक राशि नहीं मिली

  • विद्यार्थियों को पिछले वर्ष स्कूल ड्रेस का कपड़ा वितरित किया गया था। इस वर्ष ड्रेस के स्थान पर प्रति विद्यार्थी आठ सौ रुपए देने का प्रावधान किया गया था, लेकिन अभी तक राशि नहीं मिली।
  • अरविंदर सिंह, एडीपीसी व डीइओ (माध्यमिक), शिक्षा श्रीगंगानगर।