
फोटो पत्रिका
श्रीगंगानगर। अपराध जगत में तेजी से उभरते हुए एक नाम मयंक सिंह उर्फ सुनील सिंह मीणा को छत्तीसगढ़ की रायपुर पुलिस ने गिरफ्तार किया है। घड़साना निवासी मयंक ने राजस्थान से दूर छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में अपना नेटवर्क खड़ा किया और लंबे समय तक विदेश में बैठकर कारोबारियों में खौफ फैलाता रहा। रायपुर में पीआरए ग्रुप के एक कारोबारी पर फायरिंग के मामले में उसे ट्रांजिट रिमांड पर झारखंड की रामगढ़ जेल से रायपुर लाया गया, जहां पूछताछ में कई अहम खुलासों की उम्मीद है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार मयंक के रिश्ते कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े रहे। जब लॉरेंस बिश्नोई गैंग राजस्थान-हरियाणा-पंजाब में सक्रिय थी, तब मयंक ने झारखंड-छत्तीसगढ़ में अपना वर्चस्व बढ़ाया। उसकी कड़ी झारखंड के कुख्यात गैंगस्टर अमन साहू से भी जुड़ती है, जो कोयला कारोबारियों से रंगदारी वसूली का बड़ा चेहरा रहा।
झारखंड पुलिस ने इंटरपोल की मदद से मयंक को अज़रबैजान से गिरफ्तार किया। उसके खिलाफ झारखंड, छत्तीसगढ़, राजस्थान और पंजाब में रंगदारी, हत्या के प्रयास और धमकी जैसे 50 से अधिक मामले दर्ज हैं। अक्टूबर 2025 में झारखंड के डीजीपी ने खुलासा किया था कि बिहार के अपराधियों ने अमन साहू और मयंक की मुलाकात करवानी, जिसके बाद तय हुआ कि मयंक मलेशिया-दुबई जैसे देशों से बैठकर कारोबारियों को इंटरनेशनल कॉल के जरिए धमकाएगा, ताकि पुलिस की टेक्निकल निगरानी से बचा जा सके।
बताया जा रहा है कि मयंक ने कोयला कारोबारियों, कंस्ट्रक्शन ठेकेदारों और बड़े व्यापारियों से रंगदारी वसूली का नेटवर्क संचालित किया। फरार रहने के दौरान वह पहले मलेशिया, फिर अज़रबैजान में रहकर इंटरनेट कॉल और सोशल मीडिया के जरिए गिरोह चलाता रहा। फिलहाल उसे रायपुर में पूछताछ के लिए रखा गया है, जहां पुलिस गैंग के बाकी सदस्यों और नेटवर्क की तहकीकात कर रही है।
इधर, अनूपगढ़ के सीओ प्रशांत कौशिक ने बताया कि छत्तीसगढ़ और झारखंड में अपराधी मयंक सिंह उर्फ सुनील सिंह मीणा के खिलाफ घड़साना क्षेत्र में कोई अपराधिक रिकॉर्ड नहीं है। इस अपराधी के पिता पुरानी मंडी घड़साना में मजदूरी करते हैं। सिर छुपाने के लिए छोटे से घर में रहते हैं। यहां कई बार झारखंड की पुलिस आ चुकी है। एक बार झारखंड पुलिस आई तब घर में पड़ी प्लास्टिक की कुर्सी और अन्य सामान को कुर्क कराया था।
Updated on:
26 Dec 2025, 3:59 PM IST
Published on:
26 Dec 2025, 3:52 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.