28 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

लोगों ने मांगा जवाब- एसडीएम साहब, आप ही बताएं…केवल यहीं क्यों हैं हालात खराब

श्रीकरणपुर में बुखार के प्रकोप का मामला, नगर सुधार समिति के तत्वावधान में हुआ प्रदर्शन, लोगों ने एसडीएम के समक्ष जताया आक्रोश

2 min read
Google source verification
लोगों ने मांगा जवाब- एसडीएम साहब, आप ही बताएं...केवल यहीं क्यों हैं हालात खराब

श्रीकरणपुर. बुखार से उपजी परिस्थितियों को लेकर एसडीएम के समक्ष आक्रोश जताते नागरिक। -पत्रिका

श्रीकरणपुर. एसडीएम साहब, आप ही बताए केवल स्थानीय कस्बे में ही बुखार के इतने मामले क्यों आ रहे हैं। यहां के हालात ही इतने खराब क्यों हैं। कौन है इसका जिम्मेदार। आक्रोशित नागरिकों ने यह बात गुरुवार को एसडीएम को ज्ञापन देते हुए कही।

कस्बे में पिछले करीब एक माह से आ रहे वायरल व टाइफाइड बुखार के मामलों को लेकर नगर सुधार समिति के आह्वान पर लोगों ने एसडीएम कार्यालय पर प्रदर्शन किया। इसके बाद मुख्यमंत्री के नाम का ज्ञापन एसडीएम श्योराम को सौंपकर स्वच्छ पेयजल आपूर्ति व बुखार की रोकथाम के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की। आंदोलन की अगुवाई कर रहे पूर्व पालिकाध्यक्ष जुगल किशोर, ललित गहलोत, छोटूराम निमल, जिला परिषद सदस्य दुलाराम इंदलिया, हैप्पी शर्मा, मुकेश मोहनपुरिया, बलकरण सिंह बराड़ व रविंद्र रस्सेवट आदि ने एसडीएम को कहा कि दूषित पानी यहां की मुख्य समस्या है। दशकों से यहां के वाटरवक्र्स की डिग्गियों की सफाई नहीं हुई। डिग्गियों में मृत जानवर मिलना सामान्य बात है। पिछले करीब एक माह से यहां की जनता टाइफाइड व वायरल बुखार का दंश झेल रही है। हालात ये है कि करीब 500 की ओपीडी वाली स्थानीय सीएचसी पर अधिकांश मरीज बुखार पीडि़त आ रहे हैं। आक्रोशित नागरिकों ने कहा कि कच्ची बस्तियों में लोगों के घरों में फिल्टर तक नहीं हैं। ऐसे में यह रोग बड़ी समस्या बन सकता है। ऐसे में शहर को महफूज रखने के लिए प्रशासन को अतिरिक्त प्रयास की आवश्यकता है। मामले में जल्द कार्रवाई नहीं होने पर उन्होंने बड़े आंदोलन की चेतावनी दी।

डिग्गियों की सफाई कराएंं, विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति करें

समस्या से निजात पाने के लिए नागरिकों ने एसडीएम को जलदाय विभाग की डिग्गियों व फिल्टरों की सफाई कराने के साथ राजकीय चिकित्सालय में विशेषज्ञ चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ व अन्य संसाधन बढ़ाने की बात कही। उनका कहना था कि सैंकड़ों मरीजों की जांच का जिम्मा महज दो चिकित्सकों के भरोसे चल रहा है। मौके पर अरोड़वंश समाज के अध्यक्ष डॉ.हजारीलाल मुटनेजा, अग्रवाल समाज के अध्यक्ष रमेश गुप्ता, रेगर समाज के अध्यक्ष खानचंद रेगर, दुलीचंद मित्तल, राजकुमार मोहनपुरिया, पार्षद विनोद रेगर, राधेश्याम छाबड़ा, सोमनाथ डंग, भंवरलाल पंवार, किराना यूनियन अध्यक्ष शम्पी गुम्बर, सुनील सोनी, गोरू सुखीजा, अंकुर छाबड़ा, अमन नागपाल सहित काफी अन्य लोग मौजूद थे।

विधानसभा में भी गूंजा बुखार का मुद्दा

उधर, विधायक रुपिंद्रसिंह कुन्नर ने भी इस मुद्दे को लेकर गुरुवार को विधानसभा में सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत श्रीकरणपुर क्षेत्र में वायरल व टाइफाइड बुखार संवेदनशील विषय है। विधायक ने रोग से निपटने के लिए स्थानीय सीएचसी पर चिकित्सकों के रिक्त पद जल्द से जल्द भरने की मांग की।