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मंडी प्रभारी सचिव ने कहा दिखवा लेते हैं तो मंत्री ने कहा सस्पेंड कर दूंगा,तुम मंत्री हो गए क्या

Depending on the quantity of grain, a sum ranging from Rs 500 to Rs 2000 is collected.

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बैतूल। कृषि उपज मंडी में किसानों को हो रही अव्यवस्थाओं और व्यापारियों की मनमानी की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जिले के प्रभारी मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने गुरुवार शाम कृषि मंडी बडोरा का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान बड़ी संख्या में मौजूद किसानों ने प्रभारी मंत्री के सामने खुलकर अपनी समस्याएं रखीं।
ग्राम मलकापुर के किसान रोशन वर्मा ने बताया कि मंडी में व्यापारियों द्वारा किसानों से तौल के नाम पर जमकर अवैध वसूली की जा रही है। अनाज की मात्रा के हिसाब से 500 से लेकर 2000 तक की वसूली की जाती है। पैसे नहीं देने वाले किसानों के अनाज का तौल नहीं किया जाता है। उन्होंने बताया कि नीलामी के बाद अनाज वही रख दिया जाता है। जिससे किसानों को अनाज रखने के लिए जगह नहीं मिल पाती है। वहीं ग्राम सातनेर के किसान पवन घिडोडे ने मंत्री से कहा कि उन्होंने 31 दिसंबर 2025 को मक्का बेचा था, लेकिन आज तक भुगतान नहीं हुआ है। अन्य किसानों ने भी बताया कि मंडी में अनाज बेचने में तीन-तीन से चार-चार दिन लग रहे हैं। भुगतान भी समय से नहीं मिलता है। जिससे किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। भुगतान में देरी की शिकायत पर प्रभारी मंत्री ने मंडी अधिकारियों और प्रभारी सचिव से सवाल-जवाब किए। मंत्री ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि किसानों की समस्याओं का तत्काल निराकरण किया जाए,जिस पर प्रभारी सचिव ने दिखवाने की बात कही। इस पर मंत्री नाराज हो गए और कहा कि तुम मंत्री हो क्या। प्रभारी सचिव को किसानों की समस्या का निराकरण करने के निर्देश दिए।
कोई भी हो जुर्माना वसूल करे
निरीक्षण के दौरान यह भी सामने आया कि मंडी में व्यापारियों द्वारा खरीदे गए अनाज का उठाव नहीं किया गया था, जिस पर लगभग 5.83 लाख का जुर्माना लगाया गया है। लेकिन जुर्माने की राशि जमा नहीं होने पर मंत्री ने कड़ा रुख अपनाते हुए निर्देश दिए कि राशि तत्काल वसूल की जाए और जो भी व्यापारी भुगतान नहीं करे, उसे नीलामी से वंचित कर उसका लाइसेंस निरस्त किया जाए।
प्रभारी मंत्री ने करीब आधे घंटे तक मंडी में रहकर किसानों से बातचीत की। मंत्री पटेल ने बताया कि अधिक आवक के कारण उत्पन्न समस्याओं को देखते हुए व्यवस्थाएं बढ़ाने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी, एसडीएम अभिजीत सिंह सहित मंडी के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।