8 अप्रैल 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सीजफायर के बाद डोनाल्ड ट्रंप को हटाने की मांग, रिप​ब्लिकन और डेमोक्रेटिक​ 85 सांसदों ने आवाज उठाई

Impeachment:अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम के बाद अमेरिकी राजनीति में बड़ा भूचाल आ गया है। 85 सांसदों ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को पद से हटाने की मांग करते हुए उनके इस्तीफे का दबाव बढ़ा दिया है।

2 min read
Google source verification

भारत

image

MI Zahir

Apr 08, 2026

Donald Trump US Lawmakers

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप । (फोटो: द वॉ​​शिंंगटन पोस्ट)

US Lawmakers: अमेरिका और ईरान के बीच चल चल रही जंग और सीजफायर के ऐलान के तुरंत बाद अमेरिकी राजनीति में बड़ा तूफान खड़ा हो गया है। अमेरिका में रिप​ब्लिकन और डेमोक्रेटिक​ पार्टी के 85 से ज्यादा सांसदों ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के खिलाफ सीधे तौर पर मोर्चा खोल दिया है। इन सभी ने एकजुट होकर ट्रंप से राष्ट्रपति पद छोड़ने की कड़ी मांग की है। स्थिति इतनी तनावपूर्ण हो गई है कि इन सांसदों का स्पष्ट मानना है कि ईरान के साथ हुए इस गंभीर संकट को संभालने में मौजूदा प्रशासन पूरी तरह से विफल रहा है। सीनेट और अमेरिकी संसद के इन सांसदों ने चेतावनी दी है कि देश की आंतरिक सुरक्षा और वैश्विक कूटनीति को ध्यान में रखते हुए अब डोनाल्ड ट्रंप का पद पर बने रहना अमेरिका के हित में नहीं है।

यह अंदरूनी बगावत ट्रंप के लिए अब तक का सबसे बड़ा राजनीतिक झटका

राजनीतिक जानकारों के मुताबिक, ईरान-अमेरिका युद्धविराम के तुरंत बाद उभरी यह अंदरूनी बगावत ट्रंप के लिए अब तक का सबसे बड़ा राजनीतिक झटका साबित हो सकती है। विपक्षी नेताओं का आरोप है कि डोनाल्ड ट्रंप के एकतरफा फैसलों ने अमेरिका को बिना किसी वजह के एक भयानक युद्ध के कगार पर धकेल दिया था। इससे न केवल देश को भारी आर्थिक नुकसान का डर सताने लगा था, बल्कि दुनिया भर में अमेरिका की कूटनीतिक साख भी कमजोर हुई है।

राष्ट्रीय सुरक्षा खतरे में डालने के आरोप में हो सकती है संवैधानिक कार्रवाई

इन 85 सांसदों के समूह ने एक कड़ा पत्र जारी कर ट्रंप को सत्ता से हटाने की प्रक्रिया शुरू करने की धमकी तक दे डाली है। सांसदों का कहना है कि यदि ट्रंप खुद से इस्तीफा नहीं देते हैं, तो उन पर राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरे में डालने के आरोप में आगे की कठोर कानूनी और संवैधानिक कार्रवाई की जा सकती है।

राजनीतिक रोटियां सेंकने के लिए यह दबाव बनाने की कोशिश

इस भारी विरोध और इस्तीफे की मांग पर व्हाइट हाउस की ओर से बेहद तीखी प्रतिक्रिया सामने आई है। ट्रंप के करीबियों और उनकी पार्टी के नेताओं ने सांसदों की इस मांग को पूरी तरह से "राजनीतिक ड्रामा" करार दिया है। उनका कहना है कि विपक्ष युद्धविराम की कूटनीतिक सफलता को पचा नहीं पा रहा है और अपनी राजनीतिक रोटियां सेंकने के लिए यह दबाव बनाने की कोशिश कर रहा है।

अमेरिकी संसद 'कैपिटल हिल' में भारी हंगामा होने की आशंका

आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर अमेरिकी संसद 'कैपिटल हिल' में भारी हंगामा होने की आशंका है। राजनीतिक विश्लेषकों की पैनी नजर इस बात पर है कि क्या यह 85 सांसदों का समूह महाभियोग जैसी कोई बड़ी कार्रवाई करने के लिए बहुमत जुटा पाएगा? इस बीच, व्हाइट हाउस में आगे की रणनीति तय करने के लिए आपातकालीन बैठकों का दौर लगातार जारी है।