3 अप्रैल 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

‘गड्ढे में गिरी महिला बाहर निकालने की लगाती रही गुहार, लोगों ने दी ऐसी प्रतिक्रिया’, देखें वीडियो

'गड्ढा' नाटक जाने-माने कथा लेखक कृष्ण चंदर की कहानी पर आधारित है। जिसमें आज के समाज की विसंगतियों पर चोट की गई है।

2 min read
Google source verification
picture

'गड्ढे में गिरी महिला बाहर निकालने की लगाती रही गुहार, लोगों ने ऐसी प्रतिक्रिया', देखें वीडियो

नोएडा। नोएडा लोकमंच अपने सांस्कृतिक प्रकल्प 'पहला कदम संस्कृति की ओर' अपने प्रोजेक्ट के माध्यम से विलुप्त होती प्राचीन परम्पराओं और संस्कारों के बारे में युवा पीढ़ी को जागरूक करने के लिए इस बार एक पुरानी विधा नुक्कड़ नाटक को पेश किया। 'पहला कदम संस्कृति ओर' और निशांत नाट्य मंच के साथ मिलकर गड्ढा नाटक का मंचन किया गया। 'गड्ढा' नाटक जाने-माने कथा लेखक कृष्ण चंदर की कहानी पर आधारित है। जिसमें आज के समाज की विसंगतियों पर चोट की गई है।

यह भी पढ़ें : डांसर सपना चौधरी वेस्ट यूपी की इस 16 वर्षीय सिंगर के गानों पर लगाएंगी ठुमके

दरअसल, इसमें एक गरीब महिला गड्ढे में गिरने पर लोगों से बाहर निकालने की गुहार लगती और लोगों की क्या-क्या प्रतिक्रिया होती हैं, उन्हें नुक्कड़ नाटक से प्रस्तुत किया गया। नाटक शम्सुल इस्लाम, नीलिमा शर्मा, भावना प्रजापति, लाल बहादुर, उम्मेद और ब्रम्ह प्रकाश ने अपनी प्रस्तुति देकर सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।

निशांत नाट्य मंच से जुड़कर नुक्कड़ नाटकओं की विधा को आगे बढ़ा रहे शम्सुल इस्लाम और नीलिमा शर्मा ने हजारों नाटक किए हैं। उनका यह भी कहना है कि जब तक देश दुनिया में गैर-बराबरी का समाज रहेगा, तब तक यह नुक्कड़ नाटक चलते रहेंगे। नीलिमा कहती हैं कि नुक्कड़ नाटक समाज की विसंगतियों को दर्शाते हैं और बेजुबानओं की जुबान बोलते हैं। यही कारण है कि यह लोगों के बीच संदेश पहुचने का जबरदस्त हथियार है, क्योंकि नुक्कड़ नाटक में इसके करैक्टर लोगों के बीच लिए गए होते हैं और इन नाटकों में जनता के पक्ष को दिखाया जाता है।

यह भी पढ़ें : पुलिस और बदमाशों के बीच फिर हुई मुठभेड़, जमकर हुई 'ठांय-ठांय'

नीलिमा शर्मा कहती हैं कि नुक्कड़ नाटक में जनपक्षीय समस्या हम नाटक करते हैं और नोएडा में भी इसका बहुत अच्छा रिस्पांस मिला है। नोएडा लोक मंच महासचिव महेश सक्सेना ने कहा कि नोएडा में संस्कृति जागृति आ रही है और नोएडा में जितने प्रकार की कला और कलाकार हैं वह जुड़ना शुरू हो गए हैं।