
नोएडा। वैश्विक महामारी कोविड-19 की वजह से हुए लॉकडाउन में रियल स्टेट को नुकसान झेलना पड़ रहा है। कारोबार को पटरी पर लाने के लिए रियल स्टेट डेवलपमेंट काउंसिल(नरेडको) के अध्यक्ष आरके अरोड़ा ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को प्रस्ताव भेजा है। जिससे ढाई लाख श्रमिकों को रोजगार देने के साथ रियल सेक्टर में फिर से प्राण फूंकने के लिए रिलीफ़ देने की बात कही गई है।
नरेडको के अध्यक्ष आरके अरोड़ा ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भेजे प्रस्ताव में कहा है कि कोरोना महामारी की वजह से मजदूरों में दहशत का माहौल है। मजदूर लगातार अपने घर लौट रहे हैं। अन्य राजयों से भी मजदूर यूपी पहुंच रहे हैं। उन्होंने बताया कि जो मजदूर राज्य में वापस आ गए हैं, उन्हें क्वारंटाइन किया जाए। अगर सरकार उन्हें कोरोना फ्री होने का सर्टिफिकेट देती है तो उनको रियल स्टेट में काम दे सकते हैं। करीब ढाई लाख मजदूरों को विभिन्न प्रोजेक्ट में रोजगार मिल सकता है। उन्होंने कहा कि इसके फायदे भी होंगे। एक तो ढाई लाख लोगों को रोजगार मिलेगा। वहीं, होम बॉयर्स को उनका मकान।
आरके अरोड़ा ने बताया कि प्रस्ताव में यह भी अनुरोध किया है कि जो रियल स्टेट की समस्याएं हैं बहुत दिनों से पेंडिंग पर चल रही हैं। करोना महामारी की वजह से भी रिलीफ मांगा है जो चार्जेस लिए जा रहे हैं वह नहीं लिए जाएं। जमीन की किस्तों में भी थोड़ी राहत दी जाए। रियल सेक्टर में धन की लिक्विडिटी समाप्त हो गई है। सभी बिल्डरों का यहीं हाल है। इस बारे में बिल्डरों और प्रदेश सरकार और केंद्र के बीच कई मीटिंग हो चुकी है।
Published on:
25 May 2020 09:49 am
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