पूछताछ में चोरों ने बताया कि वे ग्रेटर नोएडा, नोएडा, गाजियाबाद, फरीदाबाद, रोहतक समेत दिल्ली एनसीआर के अलग-अलग क्षेत्रों से करीब ढाई हजार वाहन चोरी कर चुके हैं। ये बाइक चुराने के लिए मास्टर की का उपयोग करते थे। नहीं खुलने पर लॉक तोड़ देते थे। वहीं गियर लॉक और टायर लॉक काटने के लिए अपने पास कटर भी रखते थे। इसके बाद वाहनों को मैनपुरी, इटावा, एटा, अलीगंज समेत आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में ले जाकर 5 से 15 हजार रुपए में बेच देते थे।