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भीलवाड़ा। छोटे पर्दे के प्रसिद्ध धारावाहिक महाभारत में दुर्योधन के किरदार से देश-दनिया में बच्चों से लेकर बड़ों के दिलों में छाने वाले अभिनेता अर्पित रांका अब बड़े पर्दे पर दमदार रोल में नजर आएंगे। आगामी 27 जून को देश के सिनेमाघरों में प्रदर्शित होेने वाली बाॅलीवुड की बड़े बजट की ” कनप्पा” फिल्म से अर्पित रांका को बड़ी उम्मीद है। साउथ के सुपर स्टार प्रभाष व मोहनलाल के साथ ही अक्षय कुमार जैसे मल्टी स्टार फिल्म में हैं। भीलवाड़ा प्रवास के दौरान राजस्थान पत्रिका के वरिष्ठ पत्रकार नरेन्द्र वर्मा से उन्होंने खास बातचीत की। अभिनेता अर्पित रांका मूलत: भीलवाड़ा निवासी है।
सवाल: रूपहले पर्दे की तरफ आकर्षण क्यों बढ़ा ?
जवाब:मैने सपने देखे और उन्हें पूरा करने का जुनून पाला। इसके लिए बॉडी बनाने की ठानी और आज इंडिया में सबसे अच्छी बॉडी है। इसी के दम पर छोटे से लेकर बड़े पर्दे तक मेरी पहचान है।
सवाल: शुरुआती दौर के बारे में क्या मानते हैं ?
जवाब: पच्चीस साल पहले छोटे पर्दे के जरिए रूपहले पर्दे की दुनिया में कदम रखा था। शुरूआती दौर में काफी संघर्ष किया, लेकिन पिता, माता व बड़े भाई विक्रम ने उस वक्त मुझे प्रोत्साहित किया। मुझे वर्ष 2012 में महाभारत धारावाहिक से बड़ा ब्रेक मिला। वर्ष 2018 में पापा के असामयिक निधन से मैं टूट गया। यहां मां व भाई ने हिम्मत बांधी और उसके बाद बड़े पर्दे पर भाग्य अजमाने की ठानी। महादेव की कृपा से ” कनप्पा” से राह खुली।
सवाल: दुर्योधन की भूमिका को कितना सशक्त मानते हैं?
जवाब: दस साल बाद भी मेरे प्रशंसक दुर्योधन का किरदार नहीं भूले हैं, उनकी दुआओं व परिजनों का आशीर्वाद है कि ” कनप्पा” जैसी बड़ी फिल्म मिली और कई धारावाहिकों में काम करने का मौका भी मिला।
सवाल: आपकी आगामी फिल्म ” कनप्पा” के बारे में क्या कहेंगे ?
जवाब: भगवान महादेव की भक्ति पर आधारित है यह फिल्म। इसमें एक नास्तिक एवं निष्ठुर प्रवृति के व्यक्ति के आस्तिक बनने एवं भगवान को समर्पित होने की कहानी है। बड़ी बात यह है कि फिल्म में सभी भाषाओं के सुपर स्टार विभिन्न किरदार निभा रहे हैं। फिल्म में एक ही मुख्य खलनायक है। उसका कालमुख का किरदार मैं ही निभा रहा हूं। ” कनप्पा” दो सौ करोड़ के बजट की फिल्म है।
सवाल: ” कनप्पा” पौराणिक महत्व से जुड़ी फिल्म है ?
जवाब:पौरोणिक महत्व से ना जोड़ें, इसे इतिहास की दृष्टि से समझें। फिल्म की शूटिंग न्यूजीलैंड में की है। क्योंकि यहां के हिल स्टेशन एवं बादलों की लोकेशन फिल्म की पटकथा के अनुरूप थी।
सवाल: छोटे से लेकर बड़े पर्दे का अभी तक का सफर, कैसा रहा ?
जवाब: वर्ष 2006 में मिस्टर इंडिया का बॉडी बिल्डर्स का खिताब जीता। इसके बाद साउथ की दो फिल्में कीं। महाभारत ने कॅरियर बदल दिया। टैलीवुड के पर्दे पर नई महाभारत, राधाकृष्ण, चन्द्र नंदिनी, ब्रहराक्षस संकट मोचन व रावण जैसे धारावाहिक में अच्छा काम किया। मुझे लगा कि मैं, टीवी में बहुत कुछ कर चुका, इसलिए बड़े पर्दे की तरफ कदम रखा और बड़ी बजट की फिल्म की।
सवाल: हीरो की भूमिका के बारे में क्या सोचते हैं ?
जवाब:किरादार ही दमदार होता है, इसमें नेगेटिव व पॉजिटिव मायने नहीं रखता है। हम लाइफ में एक करेक्टर हैं। आज की फिल्मों में बड़े एक्टर भी विलेन का रोल कर रहे हैं। क्योंकि अब दौर बदल चुका है। नेगेटिव रोल करना वैसे भी चुनौती पूर्ण है