10 जून 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पाक के पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ को वैश्विक आतंकवादी घोषित करने की मांग

बलूचिस्तान से पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ को वैश्विक आतंकवादी घोषित करने की मांग उठी है।

2 min read
Google source verification

image

Chandra Prakash Chourasia

Dec 02, 2017

Pervez Musharraf

नई दिल्ली। पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ को वैश्विक आतंकवादी घोषित करने की मांग उठी है। परवेज मुशर्रफ ने कुछ दिन पहले लश्कर-ए-तैयबा का खुलेआम समर्थन किया था और कहा था कि वो लश्कर और हाफिज को पसंद करते हैं। इस बयान को लेकर पाक की राजनीति में बहस शुरु हो गई है।


जब्त हो मुशर्रफ की संपत्ति
बलूचिस्तान की आजादी की मांग करने वाली विश्व बलूच महिला संघ की अध्यक्ष नाएला कादरी ने पत्र लिखकर अमरीका से कहा है कि परवेज मुशर्रफ पाकिस्तान का सबसे बड़ा दुश्मन है। उसने बलूच के लोगों की हत्या करवाई है। उसने मानवता के खिलाफ कई संगीन अपराध किए हैं। लिहाजा उसे वैश्विक आतंकवादी घोषित कर उसकी पूरी संपत्ति जब्त कर ली जाए।


मैं हाफिज से प्यार करता हूं
बता दें कि कुछ दिनों पहले ही जनरल परवेज मुशर्रफ ने एक चौंकाने वाला बयान दिया। मुशर्रफ ने भारत के सबसे बड़े दुश्मन हाफिज सईद और उसके आतंकी संगठन का समर्थन किया है। पाकिस्तान के टीवी चैनल को दिए अपने इंटरव्यू में जनरल परवेज मुशर्रफ ने कहा कि मैं लश्कर-ए-तैयबा और जमात-उल-दावा का सबसे बड़ा समर्थक हूं। मुझे पता है कि वो भी मुझे पसंद करते है। इतना ही नहीं मुशर्रफ ने कहा कि मैं हाफिज सईद से प्यार करता हूं, मुझे वो बहुत पसंद हैं। मुशर्रफ ने यह भी कहा कि उनकी हाफिज सईद से मुलाकात भी हो चुकी है।


कश्मीर के काम करता है लश्कर
अपने इस विवादित इंटरव्यू में मुशर्रफ ने हाफिज को एक क्रांतिकारी की तरह पेश किया है। उन्होंने कहा कि हाफिज सईद लंबे समय से कश्मीर के लिए काम कर रहे हैं। उन्होंने लश्कर-ए-तैयबा जैसे संगठन की स्थापना की है, जो कश्मीर के आवाम के लिए लगातार संघर्ष कर रहा है। लेकिन अमरीका और भारत मिलकर उसे आतंकी संगठन घोषित कर दिया है।


पाक ने 10 महीने बाद हाफिज को किया रिहा
बता दें कि 24 नवंबर को आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) का संस्थापक व 2008 मुंबई हमलों का मास्टरमाइंड हाफिज सईद शुक्रवार को 10 महीने की नजरबंदी के बाद रिहा हो गया। रिहाई के फौरन बाद हाफिज सईद ने जम्मू एवं कश्मीर की 'आजादी' के लिए 'जिहाद' जारी रखने की बात कही। जोहार टाउन स्थित आवास के बाहर अपने समर्थकों को अपने संबोधन में जमात-उद-दावा (जेयूडी) नेता ने सरकार द्वारा उसे सार्वजनिक सुरक्षा के लिए खतरा बताए जाने के तर्क को खारिज करने के लिए लाहौर उच्च न्यायालय को धन्यवाद दिया।


हाफिज पर 65 करोड़ का इनाम
हाफिज के रिहाई का पूरी दुनिया में विरोध हुआ है। अमरीकी ने पाक को तुरंत हाफिज को गिरफ्तार करने को भी कहा था। बता दें कि जमात-उद-दावा (जेयूडी) प्रमुख पर आतंकी गतिविधियों में उसकी भूमिका के लिए अमरीका ने एक करोड़ डॉलर का इनाम रखा हुआ है। लाहौर उच्च न्यायालय के समीक्षा बोर्ड ने सरकार द्वारा हाफिज सईद को सार्वजनिक सुरक्षा के लिए खतरा बताने की दलील को खारिज करते हुए रिहा कर दिया।