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‘आइ एम मलाला’ के बाद युसुफजई की आ रही नई किताब, जानें

मलाला युसुफजई फिलहाल ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी से फिलॉसफी, पॉलिटिकल साइंस और इकोनॉमिक्‍स में ग्रेजुएशन कर रही हैं।

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लॉस एंजेलिस : नोबेल शांति पुरस्कार विजेता पाक मानवाधिकार कार्यकर्ता मलाला यूसुफजई ने घोषणा कर बताया कि वह अपनी एक नई किताब जल्‍द ही लॉन्‍च करने जा रही हैं। इस किताब का नाम 'वी आर डिस्प्लेस्ड' है। लिटिल ब्राउन बुक्स फॉर यंग रीडर्स ने इस किताब के अधिकार खरीद लिए है। यह किताब शरणार्थियों के अनुभवों पर आधारित है।

अपने अनुभव भी करेंगी साझा
इस किताब की शुरुआत में यूसुफजई अपने अनुभवों को साझा करेंगी। इसमें वह अपनी उन यात्राओं के जरिये उन विस्‍थापितों का दुख दर्द को बयान करेंगी, जो उन्‍हें यात्रा के दौरान मिले। इनमें वह लड़कियां भी शामिल हैं, जिन्हें अपना घर-बार छोड़कर अपने परिवार के साथ दूसरी जगहों पर जिंदगी बसर करनी पड़ रही है।

मलाला ने कहा कि विस्‍थापितों के दर्द को वे समझती हैं
मलाला ने कहा कि हम लोग लाखों ऐसे शरणार्थियों और प्रवासियों के बारे में सुनते हैं, जो एक नाव या एक ट्रक में फंसे हैं। इसके बारे में हमें तब पता चलता है, जब यह एक सनसनीखेज खबर के रूप में मीडिया में दिखाई देती है। मुझे पता है कैसा महसूस होता है, जब आपको अपना सबकुछ छोड़ कर जाना पड़ता है। मैं ऐसे बहुत सारे लोगों को जानती हूं, जिन्हें इस तरह के दर्द से गुजरना पड़ा है। उन्होंने यह भी कहा कि उन्‍हें उम्‍मीद है कि वह ऐसे विस्‍थापितों की कहानियां साझा कर दूसरों को यह समझाने में मदद कर सकती हैं कि उनके साथ क्या हो रहा है और कैसी जिंदगी जी रहे हैं वे लोग।

4 सितंबर को होगी लॉन्‍च
मलाला की किताब 'वी आर डिस्प्लेस्ड' 4 सितम्बर को लॉन्‍च होगी। मालूम हो कि इससे पहले मलाला अपनी आत्मकथा 'आइ एम मलाला' लिख चुकी हैं। इस किताब ने न्यूयॉर्क टाइम्स की बेस्‍ट सेलर बुक की सूची में जगह बनाई थी।

मात्र 17 साल की उम्र में मिला नोबल प्राइज
मलाला युसुफजई फिलहाल ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी से फिलॉसफी, पॉलिटिकल साइंस और इकोनॉमिक्‍स में ग्रेजुएशन कर रही हैं। उन्‍हें मात्र 17 साल की उम्र में 2014 का नोबल का शांति पुरस्‍कार भारत के कैलाश सत्यार्थी के साथ संयुक्त रूप से मिला था। वह सबसे कम उम्र में नोबल पाने वाली विजेता हैं।