
Pakistan: All opposition MPs and MLAs may resign against Imran Khan government
इस्लामाबाद। पाकिस्तान में सियासी ( Pakistan Politics ) घमासान तेज हो गया है और इमरान सरकार ( Imran Khan Government ) के लिए मुसीबतें बढ़ सकती है। दरअसल, तमाम विपक्षी दलों ने इमरान सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है और लगातार विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। विपक्षी दलों को जनता का भारी समर्थन भी मिल रहा है।
ऐसे में अब इमरान सरकार के खिलाफ 11 विपक्षी दलों के संयुक्त गठबंधन पाकिस्तान डेमोक्रेटिक मूवमेंट (PDM) के सभी सांसद और विधायक आज सामूहिक इस्तीफा दे सकते हैं। मरियम नवाज ने संकेत दिया है कि आठ दिसंंबर (मंगलवार) को सभी विपक्षी दलों के सांसद और विधायक सामूहिक इस्तीफे दे सकते हैं।
इधर, लंदन में इलाज करा रहे पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (PML-N) के अध्यक्ष नवाज शरीफ ने एक बयान में इमरान सरकार पर आरोप लगाते हुए हमला बोला है। नवाज शरीफ ने कहा है कि इमरान सरकार देश की समस्याओं से भाग रही है और देश की बिगड़ती आर्थिक स्थिति, महंगाई और बेरोजगारी पर काबू पाने के बजाय झूठा प्रचार करने में लगी है।
नवाज शरीफ ने एक वर्चुअल कॉंफ्रेंस में कहा कि पाकिस्तान की मौजूदा सरकार के कार्यकाल में अब लोगों के पास अपने बच्चों के स्कूल फीस तक के भरने के पैसे नहीं हैं और न हीं घर का किराया दे पा रहे हैं और न गाड़ियों में पेट्रोल-डीजल भरवा पा रहे हैं।
उन्होंने इमरान खान के प्रमुख सहयोगी रिटायर लेफ्टिनेंट जनरल आसिम सलीम बाजवा पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वे पाकिस्तान की आवाम से पैसे लूटकर अमरीका में रहने के लिए साधन जुटा रहे हैं।
PDM नेताओं ने इमरान खान को दी चेतावनी
PML-N की उपाध्यक्ष मरियम नवाज ने कहा कि 8 दिसंबर को PDM के तमाम नेता सरकार के खिलाफ कोई बड़ा कदम उठा सकते हैं। PDM के अध्यक्ष फजलुर रहमान ने इमरान सरकार पर हमला करते हुए चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि यदि 16 दिसंबर को लाहौर में होने वाली रैली को सरकार ने विफल करने की कोशिश की और रोकने के लिए सुरक्षा बलों का इस्तेमाल किया तो इसके नतीजे गंभीर परिणाम होंगे।
उन्होंने इमरान खान पर आरोप लगाया कि उनकी अगुवाई में सरकार ने देश की अर्थव्यवस्था को बर्बाद कर दिया है। फजलुर रहमान ने कहा कि सुरक्षा बल हमारे देश की ताकत हैं। वे देश की सरहदों की रक्षा करें, देश के आंतरिक राजनीतिक मामलों में दखलअंदाजी न करें।
इन सबके बीच में जमात-ए- इस्लामी के नेता सिराजुल हक ने कहा, जो लोग कह रहे हैं कि आर्थिक स्थिति ठीक हो रही है, उन्हें आटे और दाल का भाव बाजार में मालूम करना चाहिए।
Updated on:
08 Dec 2020 03:48 pm
Published on:
08 Dec 2020 03:19 pm
बड़ी खबरें
View Allपाकिस्तान
विदेश
ट्रेंडिंग
