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रणकपुर बांध की दीवार से छूट रहे फव्वारे, दहशत में ग्रामीण

सादड़ी. रणकपुर-सादड़ी बांध की प्राचीन पहली व दूसरी ओवरफ्लो दीवार जो एक ओर पर्वतमाला से जुडी हुई है, उससे फव्वारे के रूप में पानी निकल रहा है। दीवार में लगे पत्थरों के जगह छोडऩे से बनी दरारों से तेजी से पानी निकल रहा है।

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रणकपुर बांध की दीवार से छूट रहे फव्वारे, दहशत में ग्रामीण

रणकपुर बांध की दीवार से छूट रहे फव्वारे, दहशत में ग्रामीण

सादड़ी. रणकपुर-सादड़ी बांध की प्राचीन पहली व दूसरी ओवरफ्लो दीवार जो एक ओर पर्वतमाला से जुडी हुई है, उससे फव्वारे के रूप में पानी निकल रहा है। दीवार में लगे पत्थरों के जगह छोडऩे से बनी दरारों से तेजी से पानी निकल रहा है। अनहोनी की आशंका से ग्रामीण दहशत में है। सिरकुडा धड़ा के ग्रामीण बताते हैं कि दीवार अन्दर की तरह से ज्यादा क्षतिग्रस्त है। क्षेत्र सहित अरावली पर्वतमालाओं में रह-रहकर हो रही बारिश से पानी का दबाव बढ़ रहा है। तेज बारिश के दौरान अधिक दबाव बढ़ा तो खतरा हो सकता है।

ज्ञात रहे कि बान्ध निर्माण के दौरान बनी ओवरफ्लों की प्राचीन दीवारें नदी के पानी के साथ बहकर आए पत्थर व चट्टानों के टुकड़ों से टकराकर कमजोर हो गई हैं। दीवार के पत्थर ढीले पड़ गए हैं। अब दीवार की दरार में से तेजी से पानी निकलने लगा है। वर्ष 2016-17 में मूसलाधार बारिश के दौरान फिल्टर प्लांट के सामने की ओवरफ्लो दीवार क्षतिग्रस्त हो गई थी। पत्रिका ने वर्ष 2017 में अभियान चलाकर सरकार व विभागीय अधिकारियों का ध्यानाकर्षण भी करवाया था।

बांध पर डेढ़ महीने से चादर
सादड़ी बांध पर तीन ओवरफ्लो हैं। इन दिनों बारिश से दो ओवरफ्लों पर 45-50 दिन से चादर बह रही है। नलवाणिया बांध के सामने सरकुड़ाधड़ा व फिल्टर प्लांट के सामने ओवरफ्लो पर चादर कम हुई तो पर्वतमाला से एक ओर जुड़ी इन ओवरफ्लो दीवार से बड़े पत्थर ढीले पडऩे से बीच में जगह बन गई। अब यहां से तेज गति से पानी निकल रहा है। ओवरफ्लो दीवार पर दो जगह दरारें पड़ गई हैं। ग्रामीण राणाराम गरासिया, रमेश भील, हकमाराम गरासिया, भावाराम गरासिया, हंसाराम गरासिया बताते हैं कि बांध ओवरफ्लो की दीवार अंदर से ज्यादा क्षतिग्रस्त है।

दीवार से फव्वारे छूट रहे
सरकुड़ाधड़ा ओवरफ्लो की दीवार पानी के साथ बह कर आए पत्थर व चट्टानों से क्षतिग्रस्त हो गई है। दीवार के एक भाग में बड़े ढीले हो गए हैं, इससे बनी दरारों से पानी के फव्वारे छूट रहे हैं। विभाग के अधिकारियों ने समय रहते ध्यान नहीं दिया तो अनहोनी हो सकती है।
- सुरेशपुरी गोस्वामी, पूर्व पालिका उपाध्यक्ष, सादड़ी