Summer Vacation : गर्मी की छुट्टियां चल रही है। छुट्टियों के साथ ही अब सामाजिक स्तर पर बच्चों में कौशल विकास व पारम्परिक रीति रिवाजों से रूबरू करवाने के लिए शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। यहां बच्चों को समाज के रीति रिवाजों व भाषाओं के साथ-साथ वैदिक पंरम्पराओं का ज्ञान भी दिया जा रहा है।
जैन युवा संगठन सिखा रहा परम्परागत खेल
जैन युवा संघठन की ओर से जैन बालिकाओं के लिए जैन बालिका अभिरुचि शिविर का आयोजन किया जा रहा है। छह दिन तक चलने वाले शिविर में 120 बालिकाएं हिस्सा ले रही है। शिविर में मेहंदी, डांस, स्कैचिंग, योगा, फ़िटनेस, आर्ट एंड क्राफ्ट, परम्परागत खेलकूद, संस्कार कक्षा, पेकिंग, बेसिक सिलाई, मंडाला आर्ट, ज्वेलरी मेकिंग, रंगोली और स्किन अवेयरनेस का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। जैन युवा संगठन सचिव कल्पेश लोढ़ा एवं अध्यक्ष राकेश कुंडलियां ने बताया कि शिविर में जैन युवा संगठन महिला विंग बालिकाओं को समाज के परम्पागत रीति रिवाज व खेलों से रूबरू करवाया जा रहा है।
गुरुकुल की तर्ज पर बच्चे सीख रहे वेद
शहर में श्रीमाली ब्राह्मण समाज की ओर से बच्चों को वैदिक ज्ञान दिया जा रहा है। यहां बच्चे वेद पाठी का ज्ञान ले रहे हैं। शिविर संयोजक कमलकांत व्यास ने बताया कि वाराणसी के आचार्य सर्वज्ञ मिश्रा के सान्निध्य में बच्चों को वैदिक ज्ञान दिया जा रहा है। यहां बच्चे यजुर्वेद रुद्री, सामवेद रुद्री, दुर्गा सप्तसती व वेद पुराणों का अध्यन्न कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज के समय में वेद परम्परा की ओर ध्यान देना जरूरी हैं, क्योंकि हमारी प्राचीन संस्कृति वेदों से जुड़ी हई है। यह हमारा धर्म व कर्म है। बच्चों को वैदिक शिक्षा में पारंगत बनाने के लिए शिविर का आयोजन किया जा रहा है।
बच्चे सीख रहे सिंधी भाषा, हो रहे संस्कारों से रूबरू
शहर में सिंधी कॉलोनी में भारतीय सिंधु सभा के तत्वावधान में दस दिवसीय सिंधी बाल संस्कार शिविर का आयोजन किया जा रहा है। यहां बच्चे सिंधी भाषा व संस्करों से रूबरू हो रहे हैं। जिलाध्यक्ष राधाकिशन शिवनानी व प्रदेश महिला मंत्री कोकिला नारवानी ने बताया कि सिंधी भाषा के प्रति बच्चों का जुड़ाव कम हो रहा है। संस्करों में कमी आ रही है। उसी को लेकर सिंधु सभा के तत्वावधान में बाल संस्कार शिविर का आयोजन किया जा रहा है। यहां बच्चों को सिंधी संस्कृति के साथ सनातन संस्कृति से रूबरू करवाया जा रहा है। साथ ही इन्हें गुड़ टच बेड टच, मेहंदी, आर्ट एंड क्राफ्ट व नृत्य सिखाया जा रहा है।