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तेजस्वी यादव ने गिनाईं नीतीश सरकार की नाकामियां, तो भड़की BJP-JDU; कहा- अपने माता-पिता का राज…

तेजस्वी यादव ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट करके बिहार को लगभग हर पैमाने पर देश का सबसे पिछड़ा राज्य बताया है। इस दावे पर सत्ताधारी BJP और JDU ने तीखा पलटवार करते हुए इसे झूठ का पुलिंदा करार दिया।

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पटना

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Anand Shekhar

Apr 05, 2026

Tejashwi Yadav

तेजस्वी यादव (फोटो- एएनआई)

बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और RJD के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर साझा की गई एक विस्तृत पोस्ट के माध्यम से नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली NDA सरकार पर तीखा हमला बोला है। अपने पोस्ट में तेजस्वी यादव ने बिहार की मौजूदा स्थिति को लेकर कई गंभीर सवाल उठाए और दावा किया कि विकास के लगभग हर पैमाने पर राज्य देश के बाकी हिस्सों से पीछे है।

तेजस्वी यादव ने गिनाईं सरकार की नाकामियां

अपने पोस्ट में आंकड़ों का हवाला देते हुए तेजस्वी यादव ने दावा किया कि NDA के 21 साल के शासन के बावजूद बिहार विकास के हर पैमाने पर राष्ट्रीय रैंकिंग में सबसे निचले पायदान पर बना हुआ है। तेजस्वी ने कहा कि बिहार में देश में सबसे कम प्रति व्यक्ति आय, सबसे कम निवेश और सबसे कम बिजली की खपत दर्ज की जाती है। राज्य में स्कूल छोड़ने की दर भी सबसे अधिक है और 58% मेडिकल पद खाली पड़े हैं। इसके अलावा, देश में पलायन, बेरोजगारी और कुपोषण (विशेष रूप से बच्चों में कम लंबाई और कम वज़न) की दरें भी बिहार में ही सबसे अधिक हैं। तेजस्वी ने आगे आरोप लगाया कि हिंसक अपराधों, अपहरण और भ्रष्टाचार के मामले में बिहार देश में पहले स्थान पर बना हुआ है।

तेजस्वी यादव ने अपने पोस्ट में लिखा, 'बिहार को सबसे पिछड़ा और गरीब राज्य बताने पर भ्रष्ट शासकों को अपमान लगता है क्योंकि यह इनके सफेद झूठ व अपार असफलता का पर्दाफाश कर इनकी सच्चाई को उजागर करता है इसलिए एनडीए के कर्णधारों को यह असहनीय दर्द-पीड़ा होती है। बिहार की यह स्थिति 𝟐𝟏 वर्षों से बनी हुई है लेकिन निर्लज्ज, नाकाम, नकारा और निक्कमी सरकार हर बात में विपक्ष पर दोषारोपण कर अपनी राजक नीतियों, सफेद झूठ और खोखले दावों के बोझ तले अपनी आसमानी विफलता को छुपाने का असफल प्रयास करती है।'

सरकार को खुली बहस की चुनौती

इतना ही नहीं, तेजस्वी यादव ने सरकार को एक सार्वजनिक बहस के लिए खुली चुनौती दी। उन्होंने कहा कि यदि अगर मुख्यमंत्री, दो-दो उपमुख्यमंत्री में नैतिक साहस और योग्यता है, तो वह इन मुद्दों पर कहीं भी, कभी भी सार्वजनिक बहस करने के लिए तैयार हैं। तेजस्वी ने यह भी आरोप लगाया कि सरकार अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए चुनावी वादों और प्रशासनिक तंत्र का दुरुपयोग करती है।

BJP-JDU का पलटवार

तेजस्वी यादव के आरोपों का जवाब देने में सत्ता पक्ष ने जरा भी देर नहीं की और उन पर तीखा पलटवार किया। BJP और JDU के प्रवक्ताओं ने उनके दावों को पूरी तरह से झूठ करार दिया और कहा कि इनका मकसद केवल भ्रम फैलाना है।

JDU के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा, 'बार-बार झूठे आंकड़े पेश करके तेजस्वी यादव बिहार की छवि खराब कर रहे हैं। हाल ही में वे अपने माता-पिता का संदेश लेकर केरलम गए थे, वहां रहते हुए उन्होंने अपने माता-पिता के शासनकाल का जिक्र क्यों नहीं किया? वे केरलम सिर्फ बिहार की बुराई करने जाते हैं। जनता ने तो उन्हें पहले ही छोड़ दिया है। इसलिए, उनके पोस्ट का कोई महत्व नहीं है और कोई भी उनकी बातों पर ध्यान नहीं देता।'

BJP प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि विकास की बात करने से पहले तेजस्वी यादव को अपने परिवार के जंगल राज को याद करना चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि तेजस्वी यह क्यों भूल जाते हैं कि उनके माता-पिता के शासनकाल में बिहार को किन मुश्किलों का सामना करना पड़ा था। उन्होंने कहा कि लालू जी के शासन में विकास पूरी तरह ठप हो गया था, जबकि भ्रष्टाचार और अपहरण एक उद्योग बन गए थे। नीरज कुमार ने कहा कि आज बिहार हर क्षेत्र में प्रगति कर रहा है और कई मामलों में अन्य राज्यों से आगे निकल गया है।