23 जुलाई 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Supreme Court on Abortion Rights : अगर महिला नहीं चाहती बच्चा पैदा करना, तो क्या कोर्ट मजबूर कर सकता है?

Supreme Court Abortion Case : सुप्रीम कोर्ट ने गर्भपात को लेकर ऐतिहासिक फैसला सुनाया है और साथ ही यह टिप्पणी की और यह सवाल पूछा कि अगर 24 सप्ताह के गर्भ को गिराया जा सकता है तो 30 सप्ताह में क्यों नहीं? कोर्ट के पूरे फैसले के साथ प्रसूता रोग विशेषज्ञ ने गर्भपात कराने वाली महिलाओं के शारीरिक और मानसिक परेशानियों के बारे में बताया। पढ़िए विस्तृत रिपोर्ट।
6 min read
Google source verification
Supreme Court Abortion Case

Supreme Court Abortion Case: नाबालिग महिला के गर्भपात अधिकारों पर सुनवाई

Supreme Court Abortion Case : सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति बी. वी. नागरत्ना ने एक मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि अगर कोई महिला बच्चे को जन्म नहीं देना चाहती है, तो क्या सुप्रीम कोर्ट उसे ऐसा करने के लिए मजबूर कर सकता है? न्यायमूर्ति ने एक ऐसी महिला के 30 सप्ताह के गर्भ को समाप्त करने की अनुमति देते हुए यह बात कही। महिला गर्भधारण के समय नाबालिग थी। आइए जानते हैं कि सुप्रीम कोर्ट में इस मुद्दे पर क्या चर्चा हुई। इसके साथ ही डॉक्टर से समझते हैं गर्भपात के शारीरिक और मानसिक खतरे।

image

पूरी खबर पढ़ने के लिए लॉगिन करें।