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रियाद एयरपोर्ट पर हूतियों का कहर: एक दिन में 12 की मौत, अगले दिन फिर हमला, सऊदी गठबंधन ने मार गिराए ड्रोन-मिसाइल

सऊदी अरब और यमन के हूती विद्रोहियों में जारी संघर्ष के बीच सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन ने बड़ा दावा किया है। सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन का दावा है कि उन्होंने एक ड्रोन और एक बैलिस्टिक मिसाइल को मार गिराया है।
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भारत

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Vinay Shakya

•

Oct 12, 2026

houthis attack riyadh airport

सांकेतिक इमेज (सोर्स- Chatgpt)

यमन के हूती विद्रोहियों और सऊदी अरब के बीच टकराव खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन ने हूतियों की ओर से दागे गए एक ड्रोन और एक बैलिस्टिक मिसाइल को हवा में ही नष्ट करने का दावा किया है। समाचार एजेंसी सिन्हुआ के मुताबिक, गठबंधन प्रवक्ता तुर्की अल-मालिकी ने 'X' पर अलग-अलग बयानों में बताया कि ड्रोन को देश के पूर्वी प्रांत में रोका गया, जबकि बैलिस्टिक मिसाइल दक्षिण-पश्चिमी शहर खमीस मुशैत की ओर दागी गई थी।

हवाई अड्डों को बनाया निशाना

पाकिस्तानी अखबार एक्सप्रेस ट्रिब्यून की रिपोर्ट के अनुसार, रविवार को रियाद के किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर नया हमला हुआ। सऊदी नागरिक उड्डयन प्राधिकरण (GACA) ने बताया कि इसमें एक पाकिस्तानी निवासी की मौत हुई और 11 लोग घायल हुए। गठबंधन के अनुसार एयरपोर्ट के आसपास एक क्रूज मिसाइल भी इंटरसेप्ट की गई। अमेरिकी दूतावास की सूचना के हवाले से दम्माम के किंग फहद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर भी 11 अक्टूबर को निशाना साधे जाने की जानकारी सामने आई है। एक अन्य रिपोर्ट के मुताबिक, रविवार को यात्री टर्मिनल पर प्रोजेक्टाइल गिरा, जो एक दिन पहले हुए मिसाइल हमले वाले टर्मिनल का ही हिस्सा था।

शनिवार को सबसे घातक हमला

असली तबाही बीते शनिवार को हुई। सऊदी अधिकारियों के अनुसार किंग खालिद एयरपोर्ट पर मिसाइल हमले में 12 लोगों की जान गई और 309 घायल हुए। कुछ मीडिया रिपोर्टों में मृतकों की संख्या 13 बताई गई है। वहीं, CNN ने बताया कि मृतकों में 4 सऊदी नागरिक, दो बांग्लादेशी और एक-एक अमेरिकी, मिस्री, जॉर्डनी, सीरियाई, फिलिस्तीनी और सूडानी शामिल हैं। इसे सऊदी अरब पर एक दशक से ज्यादा समय में सबसे घातक हमला बताया जा रहा है। हमले के बाद एयरपोर्ट का संचालन रोकना पड़ा।

पूरे हफ्ते चला हमलों का सिलसिला

हमलों की यह कोई अकेली घटना नहीं है। अल जजीरा के अनुसार मंगलवार और बुधवार को अभा और किंग खालिद एयरपोर्ट पर हुए हमलों में 3 नागरिक मारे गए और 36 घायल हुए। गुरुवार को हूतियों ने किंग खालिद एयरपोर्ट की ओर बैलिस्टिक मिसाइल दागने का दावा किया, जिसमें एक पायलट समेत तीन लोगों की मौत हुई। CNN के मुताबिक, मंगलवार से गुरुवार के बीच इसी एयरपोर्ट पर हुए हमलों में छह लोग मारे गए थे। इससे पहले 18 सितंबर को भी गठबंधन ने रियाद की ओर दागी गई मिसाइल नष्ट करने की बात कही थी।

अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुतारेस ने हमले को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया। गठबंधन ने इसे पूर्ण युद्ध अपराध कहा और कड़ी जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी। स्थानीय मीडिया के अनुसार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया है कि अमेरिका हूतियों के खिलाफ लड़ाई में शामिल हो सकता है।

बड़ी चिंता: इंटरसेप्टर की कमी

NPR ने एसोसिएटेड प्रेस के हवाले से लिखा कि सऊदी अरब के पास मिसाइल इंटरसेप्टर कम पड़ रहे हैं। उसने फ्रांस, ब्रिटेन, पाकिस्तान और मिस्र से वायु रक्षा सहायता मांगी है। रिपोर्ट के अनुसार ईरान युद्ध के दौरान अमेरिका का अपना भंडार भी घटा है। यानी हवाई अड्डे, तेल ढांचे और सैन्य ठिकाने लगातार खतरे में हैं।