
थकान मिटाने के टिप्स। (फोटोः एआई)
काम और घर की जिम्मेदारियों के बीच कई वर्किंग वुमन थकान से जुझ रही होती हैं। आइए जानते हैं कि कामकाजी महिलाओं को अपनी दिनचर्या में क्या बदलाव करना चाहिए, जिससे वे थकान से मुक्त रहकर एक्टिव और फ्रेश रह सकती हैं।
थकान सिर्फ नींद की कमी नहीं होती; यह शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक थकावट का मिश्रण है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार, काम से जुड़ी थकान अक्सर लंबे काम के घंटे, तनाव, मानसिक दबाव और बैठकर काम करने जैसी आदतों से जुड़ी होती है। भारत में हाल ही एक अध्ययन में पाया गया कि युवा वर्किंग वुमन और लंबे काम के घंटे वाले लोगों में स्वास्थ्य और वेलनेस स्कोर कम होते हैं, जो थकान का संकेत है।
एक अध्ययन में पाया गया कि जो महिलाएं काम के दौरान छोटे-छोटे ब्रेक लेकर खड़ी होती थीं और चलती थीं, उनमें थकान और मूड में सुधार हुआ। हर 30–60 मिनट में कुछ मिनट के लिए उठकर चलना या स्ट्रेच करना थकान को कम कर सकता है।
एक शोध में पाया गया कि रोजाना 40 मिनट योग करने से थकान, दर्द और बर्नआउट में कमी आई और जीवन की गुणवत्ता में सुधार हुआ। इंटरनेशनल जर्नल ऑफ योग, 2024 के अनुसार योग, स्ट्रेचिंग या हल्की एक्सरसाइज थकान मिटाने में बहुत असरदार हो सकती है।
अमेरिका की यूनिवर्सिटी ऑफ यूटा की रिपोर्ट बताती है कि महिलाओं में अनिद्रा (इंसोमनिया) पुरुषों की तुलना में 40% अधिक आम है। ऐसे में सोने से पहले स्क्रीन टाइम कम करें, एक नियमित सोने का समय बनाएं और एक शांत वातावरण तैयार करें। इससे नींद की गहराई और आराम बढ़ता है।
एक संतुलित नाश्ता जिसमें प्रोटीन, फाइबर और हेल्दी फैट शामिल हों, जैसे होलग्रेन टोस्ट या दही और फल, दिन भर ऊर्जा बनाए रखता है और कैफीन पर निर्भरता कम होती है।
थकान का एक बड़ा कारण है लगातार “करते रहना” और अपनी सीमाएं न बनाना। ऐसे में “ना” कहना सीखना एक शक्तिशाली तरीका हो सकता है। यह आपके शरीर और दिमाग को आराम देने का पहला कदम है।
| उपाय | क्या करें | फायदा |
|---|---|---|
| सक्रिय ब्रेक | हर 30–60 मिनट में उठकर चलें या स्ट्रेच करें | थकान और मूड में सुधार |
| योग / हल्की एक्सरसाइज | रोजाना 20–40 मिनट योग या स्ट्रेचिंग | थकान, दर्द और बर्नआउट में कमी |
| नींद सुधार | स्क्रीन टाइम कम करें, सोने का नियमित समय रखें | नींद की गुणवत्ता और ऊर्जा में सुधार |
| संतुलित नाश्ता | प्रोटीन, फाइबर और हेल्दी फैट शामिल करें | दिनभर ऊर्जा बनी रहे, कैफीन पर निर्भरता घटे |
| “ना” कहना | अपनी सीमाएं तय करें, ओवरलोड से बचें | मानसिक और भावनात्मक थकावट कम हो |
इन उपायों को अपनी दिनचर्या में शामिल करना आसान है, जैसे काम के बीच में उठकर पानी पीना या खिड़की के पास खड़े होकर कुछ गहरी सांसें लेना, योग के लिए सुबह या शाम में 10–15 मिनट निकालना, रात में फोन को साइलेंट पर रखना और सुबह नाश्ते में कुछ प्रोटीन शामिल करना। साथ ही, अगर थकान लगातार बनी रहे, तो डॉक्टर से मिलना जरूरी है क्योंकि थकान कभी-कभी किसी चिकित्सीय समस्या का संकेत भी हो सकती है।
(डिस्क्लेमरः इस लेख को सामान्य जानकारी के रूप में लें। यह मेडिकल सलाह का विकल्प नहीं है। अधिक जानकारी के लिए और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर से मिलें।)
Updated on:
31 Aug 2026 04:08 pm
Published on:
31 Aug 2026 04:08 pm
