
विवादों में रहने वाली खाकी धारी पुलिस पर अवैध खनन को बढ़ावा देने और पीड़ितों के साथ मारपीट करने का गम्भीर आरोप लगा है। मध्यप्रदेश के पीड़ित किसानों ने यूपी पुलिस की बर्बरता की शिकायत महोबा कलेक्ट्रेट पहुंच कर जिला अधिकारी से की है। दरअसल पूरा मामला खनन से बर्बाद होती फसलों का है। जिसको लेकर किसानों के साथ पुलिस द्वारा मारपीट करने का आरोप लगा है।

डीएम की चौखट पर शिकायत लेकर पहुंचे किसान रामकुमारी और भूरा कुशवाहा ने बताया कि वो श्रीनगर थाना क्षेत्र की सीमा से सटे मध्यप्रदेश के ग्राम खीरी के निवासी हैं। उन्होंने बताया कि ग्राम डिगरिया में हो रहे बालू के खनन से ओवरलोड ट्रैक्टर उनके खेतों से गुजर रहे हैं जिससे खेत मे खड़ी फसल बर्बाद होती है।

जबरन उनके खेतों के बीच से खनन करने वाले रास्ता बनाये हुए हैं। जिसको लेकर कई बार खनन करने वालों से कहा गया लेकिन वो जबरन उनकी फसलों को बर्बाद कर रहे हैं। यही नही थाना श्रीनगर पुलिस के साथ मिलकर खेत मे लगे तक़रीबन 50 हरे पेड़ों को रास्ते के लिए काट दिया गया।

आरोप है कि पति पत्नी के साथ पुलिस और दबंगों ने न केवल मारपीट की बल्कि महिला किसान के साथ छेड़छाड़ भी की। यही नही पुलिस ने रोके गए ट्रैक्टरों की चाबी छीनकर 10- 10 हज़ार रुपए लेकर ट्रैक्टर मालिकों को दें दी। श्रीनगर थाना पुलिस की सह पर धड़ल्ले से खनन चल रहा है औऱ उनके खेत बर्बाद हो रहे हैं।

आज जब खेत से बालू भरे ट्रैक्टर गुजर रहे थे तो उन्हें रोककर मध्यप्रदेश पुलिस को सूचना दी थी लेकिन खेत मालिक भूरा और उसकी पत्नी राजकुमारी का आरोप है कि ट्रैक्टर रोके जाने से खनन करने वाले दबंग और श्रीनगर थाना पुलिस मौके पर आ गयी।

मध्यप्रदेश के किसान परिवार ने महोबा पहुंचकर डीएम रामविशाल मिश्रा से शिकायत की है जिस पर डीएम ने एसपी को मामले की जांच के लिए कहा है। और रास्ते के विवाद निपटारे के लिए एसडीएम को आदेशित किया है।