
सीकर में किसान 12 दिन से आंदोलनरत हैं। पुरुष किसानों का साथ महिला किसान भी कंधे से कंधा मिलाकर दे रही हैं। चक्का जाम के दूसरे दिन मंगलवार को किसान महिलाएं हाथों में जेळी-गंडासी लेकर सडक़ों पर उतर आई और दिनभर पड़ाव डाले रखा। जिले भर में किसानों ने 361 जगहों पर जाम लगा रखा है। देखें चक्का जाम की तस्वीरें व जानिए किसानों की 11 मांगें। फोटो-जीएल सैनी

मांग नम्बर 1. किसानों के सम्पूर्ण कर्ज माफ किए जाए।

मांग नम्बर 2. किसानों को फसलों का लाभकारी मूूल्य दिया जाए। स्वामीनाथ आयोग की सिफारिशों को लागू किया जाए।

मांग नम्बर 3. पशुओं के बेचने पर लगाई गई पाबंदी का कानून 2017 वापस लिया जाए। पशु व्यापारियों की सम्पूर्ण सुरक्षा की जाए।

मांग नम्बर 4. आवारा पशुओं की समस्या का समाधान किया जाए। बछड़ा की बिक्री पर लगी रोक को हटाया जाए।

मांग नम्बर 5. सहकारी समिति के कर्जे में कटौती बंद की जाए, सभी किसानों को सहकारी समितियों से फसली ऋण दिया जाए।

मांग नम्बर 6. साठ वर्ष की उम्र के बाद किसानों को 5000 रुपए मासिक पेंशन दी जाए।

मांग नम्बर 7.बेरोजगारों को रोजगार दिया जाए।

मांग नम्बर 8. सीकर जिले के वाहनों को जिले में टोल मुक्त किया जाए।

मांग नम्बर 9. सीकर जिले को नहर से जोड़ा जाए।

मांग नम्बर 10. दलितों, अल्पसंख्यकों, महिलाओं पर हो रहे अत्याचारों पर रोक लगाई जाए। खाद्य सुरक्षा व मनरेगा को मजबूती से लागू किया जाए।

मांग नम्बर 11. किसानों को खेती के लिए बिजली मुफ्त दी जाए।