25 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Adhir Ranjan Chaudhary लोकसभा में कांग्रेस संसदीय दल के नेता होंगे

Rahul gandhi ने नेता विपक्ष बनने से कर दिया इनकार Adhir Ranjan Chaudhary के अनुभव को देखते हुए मिली नई जिम्मेदारी मनीष तिवारी , शशि थरूर भी इस पद के लिए दौड़ में थे शामिल

2 min read
Google source verification
adhir ranjan chaudhary

राहुल गांधी नहीं अधीर रंजन चौधरी लोकसभा में कांग्रेस के नेता होंगे

नई दिल्ली। लोकसभा में विपक्ष के नेता पर जारी सस्पेंस खत्म हो गया। अब लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी होंगे। ( Adhir Ranjan Chaudhary) लोकसभा में कांग्रेस संसदीय दल के नेता होंगे कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ( Rahul Gandhi ) की ओर से पद ग्रहण करने से इनकार के बाद अधीर रंजन के नाम पर निर्णय लिया गया। अधीर रंजन चौधरी मल्लिकार्जुन खड़गे की जगह लेंगे। अधीर रंजन चौधरी पांचवीं बार लोकसभा के सदस्य बने हैं। उनके राजनीतिक अनुभव के आधार पर लोकसभा में कांग्रेस का नेता चुना गया है। इससे पहले लोकसभा में विपक्ष के नेता के तौर पर शशि थरूर और मनीष तिवारी के नामों की अटकलें चल रही थीं। लेकिन पार्टी ने अधीर रंजन चौधरी को नेता विपक्ष बनाकर सभी को चौंका दिया। अधीर रंजन चौधरी पश्चिम बंगाल के बहरामपुर से सांसद चुने गए हैं।

ये भी पढ़ें:Sonia Gandhi ने की वरिष्‍ठ नेताओं से बातचीत, सहयोगी दलों के साथ तालमेल पर जोर

खड़गे की जगह लेंगे अधीर रंजन चौधरी

बता दें कि मल्लिकार्जुन खड़गे 17वीं लोकसभा का चुनाव हार चुके हैं। पिछली बार खड़गे सदन के नेता बने थे। कांग्रेस के पास लोकसभा में विपक्षी नेता बनने के लिए तय आंकड़ा नहीं है। कांग्रेस पार्टी में अधिकांश नेताओं के चुनाव हार जाने के बाद से संसदीय दल के नेता के लिए नए चेहरे की तलाश की जा रही थी। पार्टी के आलाकमान लगातार इसको लेकर मंथन कर रहे थे। लेकिन इस पद के लिए सहमति नहीं बन पा रही थी। लेकिन लंबी रणनीति के बाद अधीर रंजन चौधरी के नाम पर मुहर लगा दी है।

ये भी पढ़ें:Om Birla होंगे Lok Sabha के नए स्पीकर, कोटा-राजस्थान से हैं BJP सांसद

सोनिया गांधी के आवास पर बैठक

गौरतलब है कि कांग्रेस संसदीय दल (CPP) की अध्‍यक्ष सोनिया गांधी ( Sonia Gandhi) के आवास पर मंगलवार को संसदीय रणनीति समूह (PSG) की बैठक हुई। इसमें लोकसभा नेता विपक्ष के नाम, पार्टी की रणनीति तय करने के मुद्दे पर चर्चा हुई। बैठक के बाद चौधरी के नाम पर सहमति बनी।