
BJP State President CP Joshi
नवनीत मिश्र
नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी के राजस्थान के प्रदेश अध्यक्ष सीपी जोशी पद छोड़ना चाहते हैं। उन्होंने भाजपा नेतृत्व से पद मुक्त करने का अनुरोध किया है। विश्वस्त सूत्रों ने बताया कि सीपी जोशी ने पिछले साल पार्टी की सरकार बनने के बाद से खुद को राज्य के जातीय समीकरणों में फिट न बैठने का तर्क दिया है। सीपी जोशी का इशारा सरकार और संगठन दोनों की कमान एक ही जाति के पास होने की तरफ है। अब सबसे बड़ा सवाल है कि भाजपा राज्य में होने जा रहे पांच सीटों के विधानसभा उपचुनाव से पहले ही नए प्रदेश अध्यक्ष की नियुक्ति करेगी या फिर इसके बाद कोई निर्णय होगा?
सूत्रों का कहना है कि यह पहला मौका नहीं है, जब सीपी जोशी ने पार्टी नेतृत्व से ऐसा अनुरोध किया है। विधानसभा चुनाव के बाद से अब तक तीन बार वे पार्टी नेतृत्व से मिलकर यह अनुरोध कर चुके हैं कि संगठन की कमान किसी और के पास जानी चाहिए। राज्य में प्रदेश कार्यसमिति की बैठक हो चुकी है। पार्टी नेतृत्व जल्द ही राजस्थान के प्रदेश अध्यक्ष पद पर निर्णय करने वाला है।
सूत्रों का कहना है कि जिस तरह से लोकसभा चुनाव में भाजपा को नुकसान हुआ है, उससे पार्टी को ऐसे ऊर्जावान प्रदेश अध्यक्ष की जरूरत है जो संगठन और कार्यकर्ताओं में जोश भर सके। पार्टी को यह भी देखना है कि कि नया प्रदेश अध्यक्ष ऐसा हो, जिसके साथ नए-नवेले मुख्यमंत्री को भी तालमेल बैठाने में दिक्कत न हो। ऐसे में भजनलाल की तरह सेकंड जनरेशन के नेता को ही कमान मिलने की संभावना है।
राजस्थान में चूंकि सरकार की कमान सामान्य चेहरे के हाथ में है, ऐसे में पार्टी प्रदेश अध्यक्ष पद पर सोशल इंजीनियरिंग कर सकती है। ओबीसी या एससी-एसटी चेहरे के हाथ प्रदेश संगठन की कमान जा सकती है। प्रदेश अध्यक्ष बनने की रेस में कुछ चर्चित के अलावा लो-प्रोफाइल चेहरे रेस में है।
Published on:
16 Jul 2024 02:07 pm
