
अटल बिहारी वाजपेयी को सम्मान देने के लिए घुटनों के बल झुक गए ज्योतिरादित्य सिंधिया, जानिए दोनों के बीच खास रिश्ता
नई दिल्ली। पूरा देश पूर्व पीएम और अपने प्रिय नेता अटल बिहारी वाजपेयी के निधन से शोक में डूबा है। हर कोई उन्हें अपने शब्दों और तरीके से श्रद्धांजलि दे रहा है। उनकी लोकप्रियता पार्टी के परे थी। उनका पार्थिव शरीर पहले उनके निवास स्थान पर ले जाया गया। वहां पर उनके आखिरी दर्शन करने और श्रद्धांजलि देने के लिए सभी पार्टियों के नेता पहुंचे। इसी में एक नाम है, कांग्रेस सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया का। आमतौर पर वाजपेयी को श्रद्धांजलि देने वालों ने उनकी पार्थिव देह पर पुष्प चक्र चढ़ाकर नमन किया, लेकिन ज्योतिरादित्य सिंधिया अकेले नेता थे, जिन्होंने घुटने के बल बैठकर उनकी देह के सामने अपना सिर जमीन पर टिका दिया।
ये अटल बिहारी वाजपेयी के प्रति विपक्ष का सबसे बड़ा सम्मान भी है। वैसे तो अटल बिहारी वाजपेयी मूलत: यूपी के बटेश्वर के रहने वाले थे, लेकिन उनका जन्म ग्वालियर में हुआ था। वहीं उनकी पढ़ाई लिखाई हुई और बचपन भी बीता। शायद यही वजह रही कि वे सिंधिया परिवार के करीबी भी रहे। ज्योतिरादित्य सिंधिया की दादी विजयराजे सिंधिया भाजपा की संस्थापक सदस्यों में से एक थीं, हालांकि उनके पिता माधव राव सिंधिया ग्वालियर से अटल बिहारी वाजपेयी के खिलाफ चुनाव लड़े थे और जीते भी थे, लेकिन ये अटल जी के व्यक्तित्व का ही करिश्मा था कि उन्होंने राजनीति को अपने व्यक्तिगत जीवन में हावी नहीं होने दिया। अपने करीबियों से वे हमेशा उसी तरह मिले जैसे वे उनको जानते थे।
क्या आम क्या खास हर कोई जन नेता को अंतिम प्रणाम करने पहुंचा। कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने अटल बिहारी वाजपेयी के आवास पर पहुंचकर उनको श्रद्धांजलि दी. सोनिया गांधी ने वाजपेयी के निधन पर दुख प्रकट करते हुए कहा कि वाजपेयी जीवन भर लोकतांत्रिक मूल्यों के लिए खड़े रहे. पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने वाजपेयी के निधन पर दुख जताते हुए कहा कि राष्ट्र के प्रति वाजपेयी की सेवाओ को लंबे समय तक याद किया जाएगा।
Updated on:
17 Aug 2018 11:27 am
Published on:
17 Aug 2018 11:24 am

बड़ी खबरें
View Allराजनीति
ट्रेंडिंग
