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कर्नाटक: कांग्रेस और जेडीएस को अपने विधायकों से ज्यादा ‘शर्मा जी’ की बस पर क्यों है भरोसा

कर्नाटक में विधायकों को धर पकड़ से बचाने के लिए कांग्रेस-जेडीएस और बीजेपी अपने अपने तरीके अपना रही है।
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Chandra Prakash Chourasia

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Updated: 18 May 2018, 4:04 PM IST

karnataka drama

कर्नाटक: कांग्रेस और जेडीएस को अपने विधायकों से ज्यादा भरोसा 'शर्मा जी' पर है

नई दिल्ली। कर्नाटक में सरकार बनाए रखने और सरकार बनाने के लिए शनिवार को अग्निपरीक्षा का दिन है। अपने विधायकों को धर पकड़ से बचाने के लिए कांग्रेस, जेडीए और बीजेपी ने जी जान एक कर दिया है। बीजेपी ने अपने विधायकों को कांग्रेस की नजर से बचाने के लिए जहां चार्टर्ड प्लेन ने कोचीन भेजा है तो कांग्रेस और जेडीएस ने बस के जरिए अपने विधायकों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले गई। अब सवाल उठता है कि आखिर कांग्रेस ने इतने नाजुक हालात में किसी निजी ट्रेवल कंपनी के बस पर यकीन कैसे कर लिया।

विधायकों से ज्यादा शर्मा जी पर भरोसा
सत्ता के लिए चल रही जंग में कांग्रेस और जेडीएस को अपने विधायकों से ज्यादा भरोसा 'शर्मा ट्रेवल सर्विसेज' पर है। दरअसल इसके पीछे कहानी ये है कि ये कंपनी कांग्रेस के वफादार धनराज पारसमल शर्मा की है। जो 1980 से दक्षिण बेंगलुरू में कांग्रेस के सक्रिय कार्यकर्ता थे। 1998 में शर्मा ने दक्षिण बेंगलुरू लोकसभा सीट से कांग्रेस के सीट पर चुनाव भी लड़े थे। उन्होंने बीजेपी के अतंत कुमार को करीब 1.5 लाख वोटों के अंतर से मात दी थी। पूर्व पीएम इंदिरा गांधी, राजीव गांधी और नरसिम्हा राव से भी शर्मा से नजदीकी संबंध रहे हैं। 2001 में धनराज पारसमल शर्मा के निधन के बाद अब शर्मा ट्रांसपोर्ट का जिम्मा उनके बेटे सुनील शर्मा संभाल रहे हैं।

कांग्रेस ने 3 बसों से विधायकों लगाया सुरक्षित 'ठिकाने'
शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई से पहले कांग्रेस और जेडीएस ने गुरूवार की आधी रात को बेंगलुरू के ईगलटन रिजॉर्ट से निकालकर 'शर्म ट्रेवल सर्विसेज' की 3 बसों से हैदराबाद के लिए रवाना कर दिया। रात बजे बजे विधायकों को लेकर चली ये बस सुबह 9 बजे हैदराबाद पहुंची। हैदराबाद पहुंचने के बाद विधायकों को पहले होटल पार्क हयात ले जाया गया लेकिन यहां कमरे पर्याप्त नहीं थे। इसके बाद कुछ विधायकों को ताज कृष्ण होटल में शिफ्ट किया गया। अब इन्हें फ्लोर टेस्ट होने तक यहीं रखे जाएंगे।