नई दिल्ली। 2014 लोकसभा चुनाव से पहले भाजपा ने जो वादे जनता से किए थे, उनमें से एक मुख्य वादा था राम मंदिर निर्माण का जो अभी भी अधूरा है। जनता को राम मंदिर निर्माण के वादे के पूरे होने की उम्मीद सरकार से अभी भी है और इसी उम्मीद के बल पर शायद संघ प्रमुख मोहन भागवत ने भी गुरुवार को सरकार से ये मांग कर डाली कि राम मंदिर के लिए जल्द से जल्द संसद के जरिए कानून लाया जाए। भागवत के इस बयान के बाद अब मोदी सरकार पर चौतरफा दबाव बनने लगा है।