
राहुल गांधी ने पेट्रोल, डीजल पर शुल्क वृद्धि को लेकर मोदी सरकार पर साधा निशाना
नई दिल्ली। कांग्रेस नेता राहुल गांधी (Congress leader Rahul gandhi) ने पेट्रोल और डीजल पर उत्पाद शुल्क में वृद्धि को लेकर रविवार को सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि सरकार को कच्चे तेल के दाम में गिरावट का फायदा उपभोक्ताओं को देना चाहिए न कि इससे अपना खजाना भरना चाहिए। गौरतलब है कि एक दिन पहले सरकार ने पेट्रोल और डीजल पर उत्पाद शुल्क व उपकर में तीन रुपये प्रति लीटर की वृद्धि कर दी।
वैश्विक बाजार में कच्चे तेल के दाम में भारी गिरावट
राहुल गांधी ने ट्वीट के जरिए कहा, "तीन दिन पहले ही मैंने पीएमओइंडिया (प्रधानमंत्री कार्यालय का ट्विटर हैंडल) पर अनुरोध किया था कि पेट्रोल और डीजल की कीमतें घटाकर वैश्विक बाजार में कच्चे तेल के दाम में गिरावट का फायदा भारतीय उपभोक्ताओं को दिया जाए। इस सलाह पर गौर करने के बजाए हमारे प्रतिभाशाली व्यक्ति ने ईंधन पर उत्पाद शुल्क बढ़ा दिया।" इस बीच, पेट्रोल पर उत्पाद शुल्क का कुल भार बढ़ाकर 22.98 रुपये प्रति लीटर और डीजल पर 18.83 रुपये प्रति लीटर करने की आलोचना करते हुए कांग्रेस ने कहा, "नरेंद्र मोदी सरकार 2014 में जब सत्ता में आई थी तब पेट्रोल और डीजल पर उत्पाद कर क्रमश : 9.48 रुपये और 3.56 रुपये प्रति लीटर था।"
सरकार बनने के बाद से 1 दर्जन बार उत्पाद शुल्क में बढ़ोतरी हुई- कांग्रेस
कांग्रेस ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सत्ता संभालने के बाद पेट्रोल और डीजल पर केंद्रीय उत्पाद शुल्क में करीब एक दर्जन बार वृद्धि की गई और इस प्रकार पेट्रोल पर उत्पाद शुल्क में 149.78 फीसदी का इजाफा हुआ है, वहीं डीजल पर उत्पाद शुल्क 444.22 फीसदी बढ़ गया है। पेट्रोल और डीजल पर उत्पाद शुल्क में बढ़ोतरी से सरकार को पूरे साल में 45,000 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त होगा।
सरकार ने पेट्रोल और डीजल पर विशेष शुल्क में दो रुपये जबकि सड़क उपकर में एक रुपये प्रति लीटर वृद्धि की है। इस प्रकार दोनों ईंधनों पर तीन रुपये प्रति लीटर की दर से शुल्क में वृद्धि की गई है जो 14 मार्च से लागू हो गई है।
Updated on:
16 Mar 2020 08:06 am
Published on:
15 Mar 2020 11:21 pm
