प्रतापगढ़. पुलिस ने फर्जी शादी करवाने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए नकली दूल्हन समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एसपी अमित कुमार ने बताया कि 12 सितंबर को गोपाल जोशी निवासी अमलावद ने रिपोर्ट दी कि 22 अगस्त को भाई राकेश के रिश्ते के लिए धामनोद रतलाम मध्यप्रदेश में गए। वहां पर दुर्गा नाम की लडकी को दिखाया। दुर्गा से राकेश ने बात की और रिश्ता तय हो गया। 2 सितंबर को दोनो पक्ष रतलाम पहुंचे और कोर्ट परिसर में दोनों का नोटरी के सामने शादी कराई गई। कैलाश के कहने पर 2 लाख 20 हजार नकद दुर्गा के रिश्तेदारों को दिए व दुर्गा को साथ लेकर प्रतापगढ़ आ गए। 5 सितंबर को दुर्गा व राकेश दोनों होरी हनुमानजी दर्शन करने गए। जहां से दुर्गा चकमा देकर भाग गई। उन्होंने विवाह के दौरान मौजूद लोगों से बात की लेकिन वे झांसा देते रहे। मैरिज कागजात के साथ लगा दुर्गा का आधार कार्ड चेक किया तो फर्जी निकला। पता चला कि दुर्गा ने तो ऐसी कई शादियां करके पैसे हड़प रखे है। पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान किया और दुर्गा, कैलाश, पुष्पा, नीरज को गिरफ्तार किया। पुलिस ने बताया कि ये मध्यप्रदेश में फर्जी शादी कराने का काम करते है। पहले उन लोगों की तलाश करते हैं जिनकी उम्र अधिक हो जाती है और शादी नहीं होती है। उनके परिचितों के माध्यम से सम्पर्क कर मध्यप्रदेश में बुलाकर कोई लडक़ी दिखाते है। फर्जी दस्तावेज तैयार करवाकर गिरोह के सदस्य आपस में विवाहिता के रिश्तेदार बनकर कोर्ट में ले जाकर शादी करवा देते है। शादी के एक दो दिन बाद ही लडक़ी जहां पर शादी करती है। वहां पर उनके परिवार वालों को चकमा देकर भाग जाती है।