इलाहाबाद. हाईकोर्ट ने नोएडा में वर्षों से रह रहे झुग्गी झोपड़ी वालों को हटाकर उन्हें नोएडा प्राधिकरण से फ्लैट आवंटित करने की समूची योजना तलब की है। कोर्ट ने नोएडा अथारिटी से पूछा है कि वह बताएं कि इस योजना को लागू कर वास्तव में पात्रों को ही फ्लैट दिए जा रहे है अथवा इस स्कीम को लागू कर असली लाभार्थी कोई और हो रहा है।
यह आदेश जस्टिस एमसी त्रिपाठी व जस्टिस नीरज तिवारी की खंडपीठ ने नोएडा के झुग्गी झोपड़ी वेलफेयर एसोसिएशन की याचिका पर दिया है। याचिका में नोएडा अथारिटी पर फ्लैट्स आवंटन में मनमानी करने का आरोप लगाया गया है।
याचिका में कहा गया है कि अथारिटी सही लोगो को फ्लैट आवंटित नही कर रही है | कोर्ट ने याची एसोसिएशन की सदाशयता पर भी प्रश्नचिन्ह लगाया तथा कहा कि वह बताएं कि जांच में वास्तव में उनके एसोसिएशन में कितने सदस्य है और कितनों को स्कीम के तहत फ्लैट्स मिल गया है।
कोर्ट ने अथॉरिटी तथा याची एसोसिएशन दोनों से अपना अपना पक्ष वृहस्पतिवार 21 जून को रखने को कहा है। कोर्ट इस याचिका पर अब 21 जून को अगली सुनवाई करेगी। इस केस की सुनवाई के समय कोर्ट का प्रथम दृष्ट्या कहना था कि क्योंकि नोएडा के ही झुग्गी झोपड़ी वालों को हटाकर फ्लैट दिए जाय। प्रदेश के अन्य जिलो में रह रहे इन गरीबों को फ्लैट क्यो नही दिया जा रहा है।
BY- Court Corrospondence